22/11/2025
जैतपुर कलां क्षेत्र में उपखंड अधिकारी (एसडीओ) पर उपभोक्ताओं के बिजली भार को अवैध रूप से बढ़ाने के गंभीर आरोप लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिन उपभोक्ताओं का लोड 1 या 2 किलोवॉट था, उसे अचानक 4 किलोवॉट कर दिया गया है। इससे उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश है।
ग्रामीणों और व्यापारियों का आरोप है कि 1 दिसंबर 2025 से शुरू होने वाली उत्तर प्रदेश सरकार की उस योजना से लाभ वंचित करने के लिए यह कदम उठाया गया है, जिसमें 2 किलोवॉट तक के उपभोक्ताओं को मूलधन में 25% छूट और 100% ब्याज माफी का लाभ दिया जाना है।
स्थानीय निवासी का दावा है कि जब उन्होंने अपने घर पर चेक मीटर लगा कर वास्तविक भार चेक करवाने की बात कही तो एसडीओ ने साफ कहा—
“कुछ भी कर लो, योजना चलने तक किसी का लोड कम नहीं किया जाएगा। चाहे चेक मीटर में भार कम ही क्यों न आए।”
समय सीमा को लेकर भी उपभोक्ताओं के मन में सवाल है। ग्रामीण पूछ रहे हैं कि:
लोड बढ़ाने की कोई निश्चित समय-सीमा है या नहीं?
यदि उपभोक्ता का वास्तविक भार कम हो, तो उसे घटाने के लिए विभाग कितने दिनों में कार्रवाई करता है?
पहले भी लग चुके हैं गंभीर आरोप
एसडीओ का विवादों से पुराना नाता बताया जा रहा है। क्षेत्र के व्यापारियों और आम जनता ने उनके अभद्र व्यवहार के विरोध में बाजार बंद कर प्रदर्शन भी किया था। उनके ट्रांसफर की मांग भी उठी थी, लेकिन व्यवहार में कोई सुधार न दिखाई देने की बात उपभोक्ता आज भी कह रहे हैं।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि एसडीओ उपखंड कार्यालय आने वाले उपभोक्ताओं से लगातार बदतमीजी से पेश आते हैं, जिससे विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं।
उपभोक्ताओं से अपील
ग्रामीणों ने सभी उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे अपने मीटर का भार अवश्य चेक करवाएं और किसी भी अनियमितता पर विभाग को लिखित शिकायत करें।
वीडियो साक्ष्य भी उपलब्ध कराए गए हैं, जिनमें एसडीओ का कथित बयान रिकॉर्ड बताया जा रहा है।