20/08/2026
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने सरकारी स्कूलों की व्यवस्था को लेकर बड़ा बयान दिया है। मंगलवार को उन्होंने कहा कि अगर शिक्षा विभाग से जुड़े मंत्री, अधिकारी और कर्मचारी अपने बच्चों का दाखिला सरकारी स्कूलों में कराएं, तो इन स्कूलों की स्थिति में तेजी से सुधार हो सकता है।
दीपके ने कहा कि शिक्षा विभाग के मंत्री, अधिकारी, प्रिंसिपल, शिक्षक और अन्य कर्मचारी अगर अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में पढ़ाएं तो उन्हें इन स्कूलों की वास्तविक समस्याओं का सीधा अनुभव होगा। उन्होंने कहा कि इसके बाद सरकारी स्कूलों की सुविधाओं और शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की रफ्तार खुद देखने को मिलेगी।
अभिजीत दीपके ने सरकारी अधिकारियों पर सवाल उठाते हुए पूछा कि जब सरकारी स्कूलों की व्यवस्था की जिम्मेदारी उन्हीं लोगों के पास है, तो वे अपने बच्चों को निजी स्कूलों में क्यों पढ़ाते हैं। उन्होंने सवाल किया कि क्या उन्हें अपनी ही व्यवस्था पर भरोसा नहीं है।
दीपके ने यह बयान सरकारी स्कूलों में सुधार को लेकर चलाए जा रहे उनके अभियान के तहत दिया है। उनका कहना है कि सरकारी शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए केवल घोषणाएं करने के बजाय जिम्मेदार लोगों को खुद इस व्यवस्था का हिस्सा बनना चाहिए।
इस बीच, महाराष्ट्र के हिंगोली जिले में दीपके के पैतृक गांव के सरकारी स्कूल को लेकर भी मामला चर्चा में है। दीपके ने 15 अगस्त को संतुक पिंपरी गांव स्थित जिला परिषद के सरकारी स्कूल का दौरा कर वहां बुनियादी सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया था।
दीपके अपने संगठन के ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान की शुरुआत करने के लिए स्कूल पहुंचे थे। उनके दौरे के बाद स्कूल में जरूरी मरम्मत और सुधार कार्य शुरू किए जाने की जानकारी सामने आई है।