01/05/2025
राजस्थान के एक छोटे से गांव में एक काली हवेली थी, जिसे लोग "मौत की हवेली" कहते थे। इस हवेली के पास कोई नहीं जाता था। कहते थे कि वहां रात को एक सफेद साड़ी पहने और खुले बालों वाली चुड़ैल दिखाई देती है। लोग बताते थे कि जो भी उसकी आंखों में देखता, वो जिंदा नहीं बचता।
यह कहानी 50 साल पुरानी थी। गांव वालों का कहना था कि वहां रहने वाली लड़की, राधिका, को उसके पति ने धोखा देकर जिंदा जला दिया था। उसकी आत्मा हवेली में ही भटक रही थी और वह हर रात बदला लेने के लिए निकलती थी।
एक दिन, गांव के एक निडर युवक, अर्जुन, ने चुड़ैल की सच्चाई जानने की ठानी। लोगों ने उसे रोकने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं माना। वह अपने दोस्तों के साथ रात को हवेली पहुंचा।
जैसे ही रात गहराई, हवेली के अंदर अजीब सी आवाजें आने लगीं। अर्जुन ने महसूस किया कि ठंडी हवा का झोंका उसके पास से गुजरा। अचानक, सफेद साड़ी पहने एक महिला उनके सामने खड़ी हो गई। उसकी आंखें जलती हुई कोयले की तरह थीं। अर्जुन और उसके दोस्त डर के मारे पीछे हटने लगे।
चुड़ैल ने गुस्से में चीखते हुए कहा, "तुम्हें यहां नहीं आना चाहिए था। यह जगह मेरी है!"
अर्जुन ने हिम्मत जुटाई और पूछा, "तुम कौन हो और हमें क्यों मारना चाहती हो?"
चुड़ैल ने रुआंसे स्वर में अपनी कहानी बताई। उसकी आवाज में दर्द और गुस्सा साफ झलक रहा था। अर्जुन ने उसकी आत्मा की शांति के लिए गांव के पुजारी को बुलाया और यज्ञ करवाया। लेकिन जब तक यज्ञ पूरा होता, अर्जुन और उसके दोस्तों पर हमला हो चुका था।
सुबह गांव वालों को अर्जुन और उसके दोस्तों की लाशें हवेली के पास मिलीं। उनकी आंखें डर से फटी हुई थीं, जैसे उन्होंने कुछ भयंकर देखा हो।
गांव वाले आज भी उस हवेली से दूर रहते हैं, और हर अमावस्या की रात, उस हवेली से राधिका की चीखें सुनाई देती हैं।
क्या आप भी उस हवेली जाने की हिम्मत करेंगे?