11/08/2026
छात्रों पर अनुचित आचरण के आरोप, छात्रावास अधीक्षक निलंबित
कलेक्टर मृणाल मीना ने की कार्रवाई, पुलिस और बाल कल्याण समिति कर रही मामले की जांच
छतरपुर। शासकीय अनुसूचित जाति सीनियर बालक छात्रावास क्रमांक-02, देरी रोड छतरपुर में रहने वाले छात्रों द्वारा छात्रावास अधीक्षक एवं प्राथमिक शिक्षक आशीष कुमार शुक्ला के खिलाफ लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद कलेक्टर मृणाल मीना ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। छात्रों ने 10 अगस्त को शिकायत देकर अधीक्षक पर अनुचित आचरण, अनुचित वार्तालाप, अनुचित स्पर्श तथा शारीरिक एवं मानसिक शोषण जैसे गंभीर आरोप लगाए थे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस एवं बाल कल्याण समिति (CWC) द्वारा जांच की जा रही है। जांच निष्पक्ष रूप से हो और किसी भी प्रकार का हस्तक्षेप न हो, इसे ध्यान में रखते हुए अधीक्षक को छात्रावास में पदस्थ रखना उचित नहीं पाया गया।
जिला प्रशासन के अनुसार, छात्रों द्वारा प्रस्तुत आवेदन एवं उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आशीष कुमार शुक्ला प्रथम दृष्टया दोषी प्रतीत हुए। उनके विरुद्ध पदीय दायित्वों के निर्वहन में स्वेच्छाचारिता एवं अनुशासनहीनता का कृत्य पाया गया। यह आचरण मध्यप्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम, 1965 के नियम 3 तथा छात्रावास नियम, 2014 के प्रावधानों के विपरीत माना गया है।
जांच पूरी होने के बाद होगी आगे की कार्रवाई
कलेक्टर मृणाल मीना ने मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम 9 के तहत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए आशीष कुमार शुक्ला को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है।
निलंबन अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा। वहीं, उनका मुख्यालय कार्यालय संभागीय उपायुक्त, जनजातीय एवं अनुसूचित जाति विकास, सागर संभाग, सागर निर्धारित किया गया है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मामले की जांच संबंधित एजेंसियों द्वारा की जा रही है। जांच के निष्कर्ष और सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।