07/02/2026
श्रीराम कॉलोनी में फ़ज़ीलत-ए-क़ुरआन व जलसा-ए-दस्तारबंदी हुफ़्फ़ाज़-ए-किराम का शानदार आयोजन
उत्तर-पूर्वी दिल्ली ज़िले के खजूरी क्षेत्र स्थित श्रीराम कॉलोनी, गली नंबर 20 में वाक़े मदरसा हमीदिया सौतुल क़ुरआन में फ़ज़ीलत-ए-क़ुरआन और जलसा-ए-दस्तारबंदी हुफ़्फ़ाज़-ए-किराम का एक अज़ीमुश्शान और रूहानी कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस मुबारक जलसे का आयोजन मदरसे के मोहतमिम क़ारी मुक़ीमुद्दीन नदवी की सरपरस्ती में किया गया।
जलसे में उलेमा-ए-किराम, दीनी रहनुमा, समाजसेवी और बड़ी तादाद में अकीदतमंदों ने शिरकत की। वरिष्ठ अतिथियों में मौलाना शमीम क़ासमी, मौलाना मोहम्मद जावेद, मौलाना मोहम्मद मुस्लिम क़ासमी, मौलाना मोहम्मद ख़ालिद, मौलाना अब्दुल्लाह, मौलाना सलीम, मौलाना मोहम्मद हारून (अध्यक्ष, जमीयत उलेमा-ए-हिन्द उत्तर-पूर्वी दिल्ली), मौलाना मोहम्मद यामीन नदवी, मौलाना मोहम्मद अनीस इमाम, मुफ़्ती आफ़ताब आलम, मौलाना कलीमुद्दीन और मौलाना हसीसुद्दीन शामिल रहे।
इसके अतिरिक्त मुस्लिम बैकवर्ड मुस्लिम महासभा के राष्ट्रीय महासचिव नफ़ीस सलमानी ने भी कार्यक्रम में विशेष रूप से शिरकत की। अन्य अतिथियों में हाफ़िज़ मुहम्मद फ़िरोज़ साहब, मुहम्मद सलमान, मौलाना मुफ़्ती मुहम्मद तौहीद क़ासमी (महासचिव, जमीयत उलेमा उत्तरी दिल्ली), मुफ़्ती मुहम्मद यूनुस क़ासमी (इमाम, रहमानी मस्जिद, खजूरी दिल्ली), मसूद और अमीर हमज़ा (इमाम, उस्मानी मस्जिद) प्रमुख रहे।
जलसे के दौरान पाँच नौनिहाल बच्चों की दस्तारबंदी की गई, जिन्होंने मुकम्मल क़ुरआन-ए-करीम हिफ़्ज़ करने की अज़ीम सआदत हासिल की। उलेमा-ए-किराम ने बच्चों के सिर पर दस्तार बाँधकर उन्हें दुआओं से नवाज़ा और उनके हौसले बुलंद किए। इस मौके पर मदरसे के छात्रों और आए हुए मेहमानों को इनामात देकर सम्मानित किया गया।
अपने ख़िताबात में उलेमा-ए-किराम ने क़ुरआन-ए-करीम की फ़ज़ीलत, उसकी तालीमात पर अमल और नई नस्ल की दीनी तरबियत की अहमियत पर रौशनी डाली। जलसे का समापन मुल्क व उम्मत की सलामती और बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की दुआ के साथ हुआ। कार्यक्रम पूरी तरह कामयाब और रूहानियत से भरपूर रहा।