24/02/2025
जब भी महान वैज्ञानिकों की बात होती है, तो आमतौर पर आइंस्टीन, न्यूटन या एडिसन का नाम सबसे पहले लिया जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि जिस इंसान ने आधुनिक बिजली, वायरलेस तकनीक और रेडियो तरंगों की नींव रखी, वह अपनी ज़िंदगी के आखिरी दिनों में गरीबी में मरा?
यह कहानी है निकोल टेस्ला की—एक ऐसे वैज्ञानिक की, जिसने पूरी दुनिया को बदल दिया, लेकिन जिसे खुद दुनिया ने भुला दिया।
निकोल टेस्ला का जन्म 10 जुलाई 1856 को आधुनिक क्रोएशिया के एक गांव में हुआ था। बचपन से ही उनके अंदर असाधारण याद्दाश्त और गणितीय कौशल था। कहा जाता है कि वह पूरा का पूरा किताब याद कर लेते थे और अपने दिमाग में ही मशीनों के डिजाइन बना लेते थे—बिना कोई स्केच बनाए! 😲
लेकिन क्या आप जानते हैं? टेस्ला को रात में सोने से पहले डरावनी रोशनी और अजीब आकृतियाँ दिखती थीं! यह चीज़ें उन्हें डराती भी थीं और प्रेरित भी करती थीं।
टेस्ला जब अमेरिका आए, तो उन्होंने थॉमस एडिसन के साथ काम किया। एडिसन ने उन्हें 50,000 डॉलर का इनाम देने का वादा किया, अगर वह उनकी बिजली प्रणाली में सुधार कर दें। टेस्ला ने वह काम कर दिया, लेकिन एडिसन ने पैसे देने से मना कर दिया!
गुस्से में टेस्ला ने अपनी खुद की AC (Alternating Current) बिजली प्रणाली बनाई, जो एडिसन के DC (Direct Current) सिस्टम से कई गुना बेहतर थी। लेकिन एडिसन ने AC करंट को खतरनाक बताने के लिए झूठे प्रचार और पब्लिक डेमोंस्ट्रेशन करवाए!
टेस्ला ने इसके बावजूद हार नहीं मानी, और आखिरकार उनकी AC बिजली प्रणाली ही पूरी दुनिया में अपनाई गई। 💡⚡
टेस्ला का सपना था कि पूरी दुनिया में बिना तारों के मुफ्त बिजली पहुंचाई जाए। उन्होंने वॉर्डनक्लिफ टावर नाम की एक विशाल प्रयोगशाला बनाई, जहाँ वह बिजली को वायरलेस तरीके से भेजना चाहते थे।
लेकिन जैसे ही बड़ी कंपनियों को पता चला कि टेस्ला बिजली मुफ्त में देना चाहते हैं, उन्होंने उनके फंड रोक दिए! 😠 टेस्ला का सपना अधूरा रह गया, और वह कर्ज में डूबते चले गए।
1901 में, टेस्ला ने दावा किया कि उन्होंने अपनी रेडियो डिवाइस से अंतरिक्ष से कुछ अजीब सिग्नल पकड़े हैं। उन्होंने कहा कि हो सकता है कि यह एलियंस के संदेश हों!
हालांकि वैज्ञानिकों ने इसे मानने से इनकार कर दिया, लेकिन हाल ही में नासा ने कहा कि हो सकता है टेस्ला ने पल्सर स्टार्स से निकलने वाली रेडियो तरंगें पकड़ी हों! 🌌🛸
टेस्ला सिर्फ एक वैज्ञानिक ही नहीं, बल्कि बेहद अनोखी और रहस्यमयी शख्सियत भी थे।
👉 उन्हें 3, 6 और 9 नंबरों से अजीब लगाव था। वह किसी भी होटल में ठहरने से पहले यह चेक करते थे कि उसका कमरा इन नंबरों से जुड़ा है या नहीं।
👉 टेस्ला कभी शादी नहीं किए—क्योंकि उनका मानना था कि विज्ञान ही उनका सबसे बड़ा प्यार है!
👉 उन्हें कबूतरों से बहुत लगाव था, और उन्होंने अपनी लाइफ की सबसे अजीब बात बताई—"मैं एक सफेद कबूतर से प्यार करता था, जिस तरह एक आदमी एक औरत से करता है।" 😲🕊️
टेस्ला ने अपनी ज़िंदगी का आखिरी समय न्यूयॉर्क के एक होटल के छोटे से कमरे में बिताया। उनके पास पैसे नहीं थे, कोई परिवार नहीं था। 7 जनवरी 1943 को, वह अकेले ही दुनिया से चले गए।
लेकिन उनकी मौत के तुरंत बाद, अमेरिकी सरकार ने उनके सभी शोध जब्त कर लिए! 😱 आज भी कहा जाता है कि उनके कुछ आविष्कार सीक्रेट सरकारी प्रोजेक्ट्स में इस्तेमाल हो रहे हैं।
⚡ आज भी जिंदा है टेस्ला की विरासत
आज दुनिया उन्हें भले ही उनके समय में नहीं पहचान पाई, लेकिन उनकी विरासत टेस्ला इलेक्ट्रिक कार कंपनी (Tesla Inc.) के रूप में जिंदा है, जिसे एलन मस्क ने उनके सम्मान में नाम दिया है!
अगर आपको टेस्ला की यह अनसुनी कहानी पसंद आई, तो इसे शेयर करें और कमेंट करें— "जय विज्ञान!" 🚀⚡