23/08/2026
केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में बड़ी संख्या में पद खाली होने का मामला सामने आया है। वित्त मंत्रालय के Department of Expenditure के Pay Research Unit से RTI के जरिए प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, 1 मार्च 2024 तक केंद्र सरकार के civilian establishments में कुल 39,23,212 स्वीकृत पद थे। इनमें से 30,99,656 पदों पर कर्मचारी कार्यरत थे, जबकि 8,23,556 पद खाली थे। यानी कुल स्वीकृत पदों में करीब 21 फीसदी पद रिक्त थे।
इन आंकड़ों ने केंद्र सरकार के विभागों में कर्मचारियों की कमी को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े किए हैं। खास बात यह है कि 2015 की स्थिति से तुलना करने पर रिक्त पदों में काफी बढ़ोतरी दिखाई देती है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 2015 में करीब 4,20,547 पद खाली थे, जो कुल स्वीकृत पदों का लगभग 11.5 फीसदी था। इस तरह 2024 तक खाली पदों की संख्या बढ़कर 8.23 लाख से अधिक हो गई।
विभागवार आंकड़ों पर नजर डालें तो रेलवे में सबसे ज्यादा रिक्तियां दिखाई देती हैं। 2024 में रेलवे में 2,40,125 पद खाली बताए गए हैं। इसके बाद रक्षा के civilian पदों में करीब 2.42 लाख और गृह मंत्रालय में 1,10,885 पद रिक्त थे। डाक विभाग में भी रिक्त पदों की संख्या 61,546 तक पहुंच गई। राजस्व विभाग में 69,652 पद खाली थे।
कुछ विभागों में 2015 के मुकाबले रिक्तियों में कमी भी आई है। उदाहरण के तौर पर राजस्व विभाग में 2015 में 81,032 पद खाली थे, जो 2024 में घटकर 69,652 रह गए। इसी तरह हाउसिंग एवं अर्बन अफेयर्स, वाटर रिसोर्सेज, माइंस तथा साइंस एंड टेक्नोलॉजी जैसे कुछ विभागों में भी रिक्तियों की संख्या कम हुई।
हालांकि, इन आंकड़ों को समझते समय एक महत्वपूर्ण बात ध्यान रखना जरूरी है। ये आंकड़े भारत में मौजूद सभी सरकारी नौकरियों की कुल रिक्तियों को नहीं दर्शाते। यह डेटा केंद्र सरकार के civilian establishments से संबंधित है। इसमें राज्य सरकारों, सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों, सरकारी बैंकों और अन्य संस्थाओं के पदों को जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।
वित्त मंत्रालय का Pay Research Unit केंद्र सरकार के मंत्रालयों और विभागों में स्वीकृत पदों तथा कार्यरत कर्मचारियों से संबंधित आंकड़े संकलित करता है। इसलिए 8.23 लाख का आंकड़ा सरकारी कर्मचारियों की केंद्रीय व्यवस्था में मौजूद रिक्तियों की तस्वीर पेश करता है।
2015 से 2024 के बीच रिक्तियों में यह बढ़ोतरी भर्ती प्रक्रिया, सेवानिवृत्ति, नए पदों के सृजन और स्वीकृत पदों की संख्या जैसे कई कारणों से प्रभावित हो सकती है। इसलिए केवल रिक्त पदों की संख्या देखकर यह निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा कि सभी पदों पर तुरंत भर्ती की जानी थी।
फिर भी, 8.23 लाख से अधिक खाली पद यह जरूर दिखाते हैं कि केंद्र सरकार के कई महत्वपूर्ण विभागों में मानव संसाधन की कमी एक गंभीर प्रशासनिक मुद्दा है। खासकर रेलवे, रक्षा, गृह और डाक जैसे बड़े विभागों में बड़ी संख्या में रिक्तियां होने का असर सेवाओं और कामकाज पर पड़ सकता है।
इसलिए इस आंकड़े की सबसे सटीक व्याख्या यही है कि 1 मार्च 2024 तक केंद्र सरकार के civilian establishments में 8,23,556 स्वीकृत पद खाली थे, जो कुल स्वीकृत पदों का लगभग 21 फीसदी थे।