30/05/2026
बात को अच्छी तरह से समझती हु आपको 👍
हुआ यूं
कि कुछ जहाज़
स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पार करने की कोशिश कर रहे थे,
तो ईरान ने उन पर वार्निंग शॉट्स फायर कर दिए
इसके जवाब में अमेरिका ने ईरान पर हमला कर दिया…
और फिर इस हमले में जवाब में
ईरान ने कुवैत में स्थित
अमेरिकी एयर बेस पर बमबारी कर दी…
अब डोनाल्ड ट्रंप की चाहत है
कि सभी मुस्लिम देश,
खासकर अरब देश और पाकिस्तान,
अब्राहम अकॉर्ड में शामिल हों
और इस्राइल के साथ संबंध सामान्य करें…
पाकिस्तानी आवाम में
इस्राइल को लेकर काफी गुस्सा है
इसलिए पाकिस्तान ये रिस्क नहीं ले सत्ता
बवाल हो जाएगा, विद्रोह हो जाएगा…
इसलिए पाकिस्तान ने साफ़ मना कर दिया है
सऊदी अरब आदि भी लगभग मना कर दिये हैं
लेकिन ट्रंप का दबाव जारी है…
जहां तक अमेरिका व ईरान के बीच समझौते की बात है
तो ट्रंप द्वारा अब कहा जा रहा है
कि कोई ड्राफ्ट एग्रीमेंट नहीं,
और स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज तो पहले की तरह ही खुला रहेगा
और फिर ट्रंप द्वारा ये भी कहा जा रहा है
कि अगर ज़रूरत पड़ी
तो ओमान पर भी अमेरिका हमला करेगा…
क्योंकि ईरान और ओमान
स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर संयुक्त रूप से टोल लगाने की बात कर रहे हैं…
उधर लेबनान पर इस्राइल के हमले जारी हैं
और ट्रंप द्वारा कह जा रहा है
कि ईरान पर लगे प्रतिबंध नहीं हटाएंगे जाएंगे
वहीं ईरान कह रहा है
कि उसके सभी फ्रिज पैसे बिना शर्त रिलीज़ किए जाएँ…
अगर हक़ीक़त में देखा जाए
तो ट्रंप के पास अब कोई अच्छा विकल्प बचा नहीं है
ट्रंप को हार मानकर पीछे हट जाना चाहिए,
लेकिन इस्राइल ट्रंप को ऐसा करने नहीं देगा
इस्राइल द्वारा लेबनान में जेनोसाइड जारी है
ठीक वैसे ही जैसे गाजा में कर रहा था/है…
जहाँ तक मादरलैंड भारत की बात है,
तो हिमाचल, महाराष्ट्र समेत कई राज्यों से
खबरें आ रही हैं
कि पेट्रोल नहीं मिल रहा है
और पेट्रोल-डीजल के दाम भी लगातार बढ़ रहे हैं
और हकीकत है
कि जब तक स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज नहीं खुलेगा,
यह स्थिति बनी रहेगी…
और सबसे महत्वपूर्ण बात
इस पूरे क्राइसेस के लिए इस्राइल ही जिम्मेदार है
लेकिन क्योंकि तुम्हारा फादरलैंड है इस्राइल
इसलिए कुछ भी नहीं पाओगे…
बाकी सब चंगा सी!
आपका क्या कहना है इसपर जरूर बताए