02/06/2026
इस रोटी को ध्यान से देखिए...
यह सिर्फ आटा और पानी से नहीं बनी,
इसके पीछे किसान का पसीना, खेत की मिट्टी और प्रकृति का आशीर्वाद छिपा है।
अगर जंगल कटेंगे, खेत उजड़ेंगे और सिर्फ कोयला ही निकलेगा,
तो शायद बिजली तो होगी, लेकिन थाली में रोटी नहीं होगी।
कोयला विकास के लिए जरूरी है,
लेकिन अन्न जीवन के लिए उससे भी ज्यादा जरूरी है।
याद रखिए—
जब खेत बचेंगे, तभी रोटी बचेगी।
जब जंगल बचेंगे, तभी भविष्य बचेगा।🪵🌳🌴🪓
#छत्तीसगढ़