20/05/2026
हरदोई (उत्तर प्रदेश) में हुई ये वारदात शर्मनाक और दिल दहला देने वाली है।
17 साल की लड़की ने शादी से मना किया —
इसके बदले में 24 साल के लड़के ने उसे पहले परेशान किया, फिर 11 मई को जब वह शादी से लौट रही थी, उसे जबरन सुनसान जंगल ले जाकर पेड़ से बांध दिया, मार-पीट की और लात-घूँसे मारे।
जब लड़की ने शादी करने से मना किया तो गुस्से में उसने बेरहमी से उसके दोनों स्त,न काट दिए।
यह सिर्फ एक व्यक्तिगत झगड़ा नहीं, बल्कि नाबालिग के साथ जघन्य अत्याचार और मानवता के खिलाफ अपराध है।
ऐसे अपराधी किसी भी सूरत में बख्शे नहीं जा सकते। आरोपी पर शीघ्र गिरफ्तारी और कड़ी सजा जरूरी है —
बला,त्कार, शारीरिक अंग काटना और क्रू रता के सख्त दंड होने चाहिए ताकि भविष्य में किसी की हिम्मत न हो ऐसे घिनौने कृत्य करने की।
साथ ही, आरोपियों के पिछले कृत्यों की भी जांच करनी चाहिए और यदि परिवार पहले से शिकायत कर चुका था तो प्रश्न खड़े करने होंगे कि शिकायतों पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई।
दूसरी ओर पीड़िता को तत्काल चिकित्सा सहायता, सर्जरी और दीर्घकालिक मानसिक स्वास्थ्य मदद मिलनी चाहिए। उसे और उसके परिवार को पूरी सुरक्षा और कानूनी सहायता दी जाए ताकि वह न्याय की लड़ाई अकेले न लड़ें। सरकार और समाज की जिम्मेदारी है कि संकट में पड़ी लड़की के लिए आवास, आर्थिक सहायता और शिक्षा के रास्ते खुलें ताकि उसका भविष्य सुरक्षित रहे।
हमें सिर्फ निंदा तक सीमित नहीं रहना चाहिए — आवाज उठाइए, पुलिस और प्रशासन से कार्रवाई की मांग कीजिए, और महिला सुरक्षा के लिए स्थानीय संस्थाओं से जुड़िए। चुप्पी बनाए रखना अपराधियों को बढ़ावा देता है।
अगर आप भी चाहते हैं कि ऐसे दरिंदों को कड़ी सजा मिले और पीड़िता को न्याय व सुरक्षा मिले, तो यह पोस्ट शेयर करें और संबंधित अधिकारियों से त्वरित कार्रवाई की मांग करें।