11/05/2026
आज हैदराबाद में माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा देशवासियों से "एक साल तक सोना न खरीदने" की जो अपील की गई है, उसने देश भर के लाखों ज्वेलर्स और स्वर्णकार कारीगरों को गहरे असमंजस और चिंता में डाल दिया है। आज मोदी जी ने बंगाल के चुनाव के बाद जो अपील की हमें इन गंभीर बिंदुओं पर विचार करना होगा:
1️⃣ मंदी की मार: हमारा व्यापार पहले से ही चुनौतियों का सामना कर रहा है। ऐसे में मांग (Demand) को रोकने की अपील से छोटे ज्वेलर्स और मध्यम वर्गीय शोरूम्स का अस्तित्व खतरे में पड़ सकता है।
2️⃣ कारीगरों का भविष्य: ज्वेलरी इंडस्ट्री केवल गहने नहीं बेचती, बल्कि लाखों कुशल कारीगरों के परिवार पालती है। यदि बिक्री रुकेगी, तो इन परिवारों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो जाएगा।
3️⃣ देश का आर्थिक आधार: सोना हमेशा से भारतीय परिवारों का 'संकट का साथी' रहा है। विदेशी मुद्रा बचाना राष्ट्रहित में है, लेकिन इसके लिए एक पूरे सेक्टर की बलि देना कहाँ तक उचित है?
हमारी मांग:
सरकार को इस अपील के साथ-साथ स्वर्णकारों और छोटे व्यापारियों के लिए राहत पैकेज या वैकल्पिक समाधान पर भी विचार करना चाहिए। हम राष्ट्रहित के साथ हैं, लेकिन व्यापारियों के हितों की अनदेखी नहीं होनी चाहिए। जिन्होंने अपने सारे सपना पूरा करने के लिए मोदी जी को अपना सर्विस माना था आज मोदी जी ने सब कुछ भूल करके छोटे व्यापारियों को तोड़ करके कॉर्पोरेट के लिए कॉर्पोरेट बनाने के लिए कॉर्पोरेट एजेंसियों को ऊपर उठने के लिए जनता से अपील कर रहे हैं तो ऐसे में छोटे व्यापारी की कमर टूट जाएगी इस व्यापार में पश्चिम बंगाल के लोगों कारीगरों का बहुत बड़ा योगदान है इसलिए यह अपील करने से पहले उनको सभी छोटे कारीगरों ,स्वर्णकार व्यापारियों के लिए कोई योजना बनाकर के देनी चाहिए तब कोई अपील करनी चाहिए ,क्योंकि यह गंभीर आर्थिक समस्या का विषय है ! इस सोने चाँदी के व्यापार में देश के करोड़ों लोगों के परिवार का योगदान रहा है लेकिन आज माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के द्वारा इस योजना के अंतर्गत देश में कार्य कर रहे लोगों के साथ आर्थिक संकट एवं आपदा प्रबंधन रोजी रोटी कमाने का विकल्प अंधेरे में आ जाएगा !
विजित वर्मा शील ज्वेलर्स
अंबाला शहर
7988669898