20/12/2025
भाइयों एवं साथियों,
सादर नमस्कार।
जय श्री राम।
साथियों, सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें पंकज मिश्र को कुरमी समाज के विरुद्ध जातिगत गाली देते हुए दिखाया जा रहा है। जबकि पंकज मिश्र पेशे से अधिवक्ता हैं और एक सभ्य व सज्जन व्यक्ति के रूप में जाने जाते हैं।
वास्तविकता यह है कि उक्त वीडियो से पहले छीटूपुरवा निवासी ओमप्रकाश वर्मा द्वारा अपने नेपाली रिश्तेदारों के लिए पंद्रह बोरी खाद दिलाने की बात कही गई थी। इस पर पंकज मिश्र ने आधार कार्ड और खतौनी के आधार पर खाद देने की बात कही। इसी बात को लेकर ओमप्रकाश वर्मा उत्तेजित हो गए और उन्होंने मां-बहन की गालियां दीं तथा सोसाइटी बंद कराने की धमकी भी दी।
इससे आहत होकर पंकज मिश्र ने जो बातें ओमप्रकाश वर्मा से कहीं, उन्हें सुनियोजित तरीके से रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया। इस वीडियो को जातिगत और राजनीतिक रंग देने का प्रयास किया जा रहा है, जो पूरी तरह अनुचित है। यह एक निजी विवाद है, जिसे जानबूझकर ब्राह्मण समाज को बदनाम करने और दबाने की साजिश के तहत प्रस्तुत किया जा रहा है।
वीडियो में स्पष्ट रूप से ओटीपी और आधार कार्ड से संबंधित बातचीत सुनी जा सकती है। यह पंकज मिश्र और ओमप्रकाश वर्मा के बीच का व्यक्तिगत मामला है, इसे जातिगत या राजनीतिक रूप देना न तो उचित है और न ही न्यायसंगत।
धन्यवाद।