06/08/2026
मुस्लिम एजेंडा–2027
बरेली। ऑल इंडिया मुस्लिम जमात की ओर से हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी उर्स-ए-आला हज़रत के अवसर पर आज नमाज़-ए-फ़ज्र के बाद राष्ट्रीय कार्यकारिणी की विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी बरेलवी ने की।
इस महत्वपूर्ण बैठक में देश के विभिन्न राज्यों से आए उलेमा और दानिश्वर शामिल हुए। बैठक में देश एवं विदेश से जुड़े विभिन्न मुस्लिम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई तथा "मुस्लिम एजेंडा–2027" तैयार कर मीडिया के समक्ष जारी किया गया।
देश के प्रमुख मुद्दे
1. पैग़म्बर-ए-इस्लाम के सम्मान से संबंधित कानून
बैठक में कहा गया कि देश के विभिन्न राज्यों में पैग़म्बर-ए-इस्लाम की शान में कथित रूप से आपत्तिजनक टिप्पणियां की जा रही हैं, जबकि दोषियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई नहीं होती। जमात का कहना है कि इस संबंध में कोई विशेष कानून नहीं होने के कारण ऐसी घटनाएं सामने आती हैं।
जमात ने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 के दौरान वे स्पष्ट करें कि यदि उनकी सरकार बनती है तो वे विधानसभा में "पैग़म्बर-ए-इस्लाम बिल" का समर्थन करेंगे। साथ ही मुस्लिम समाज से भी अपील की गई कि चुनाव के दौरान प्रत्याशियों से इस विषय पर उनका स्पष्ट रुख अवश्य पूछें।
2. मस्जिदों एवं मदरसों से जुड़े मामले
बैठक में ज्ञानवापी मस्जिद (वाराणसी), शाही ईदगाह मस्जिद (मथुरा), जामा मस्जिद (संभल) सहित अन्य मस्जिदों से जुड़े विवादों पर चिंता व्यक्त की गई। जमात का कहना है कि मुस्लिम समाज इन इबादतगाहों से अलग नहीं हो सकता। साथ ही हिंदू पक्ष से इन मामलों में मुकदमे वापस लेने और आपसी सम्मान व सौहार्द का वातावरण बनाने की अपील की गई।
3. वक्फ संपत्तियों की जांच
बैठक में केंद्र एवं राज्य सरकारों, विशेषकर उत्तर प्रदेश सरकार, से वक्फ बोर्ड की भूमि से जुड़े कथित घोटालों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई। जमात का कहना है कि वक्फ संपत्तियों से होने वाली आय पर गरीब मुसलमानों का अधिकार है।
अंतरराष्ट्रीय मुद्दे
1. ईरान पर कार्रवाई
बैठक में ईरान के विरुद्ध अमेरिका और इज़राइल की सैन्य कार्रवाई की निंदा की गई। साथ ही अरब देशों से आपसी सहयोग बढ़ाने तथा मुस्लिम देशों के बीच एकता को मजबूत करने की अपील की गई।
2. मस्जिद-ए-अक्सा
बैठक में मुस्लिम देशों से मस्जिद-ए-अक्सा की सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने का आग्रह किया गया तथा इज़राइल की नीतियों के विरुद्ध एकजुट होकर कार्य करने की अपील की गई।
मुस्लिम समाज के लिए अपील
वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए मुस्लिम समाज शिक्षा, व्यापार और बेहतर परवरिश पर विशेष ध्यान दे।
बच्चों की शादियों में फिजूलखर्ची से बचें तथा दहेज जैसी सामाजिक बुराई को समाप्त करने का प्रयास करें, ताकि गरीब परिवारों की बेटियों का विवाह आसानी से हो सके।
अभिभावक अपने बच्चों की गतिविधियों पर ध्यान दें तथा उन्हें नशा, जुआ, शराब और सूद के कारोबार जैसी बुराइयों से दूर रखें।
राज्यों की सरकारों के लिए संदेश
बैठक में राज्य सरकारों से शरीयत में हस्तक्षेप न करने, बुलडोजर कार्रवाई बंद करने तथा ऐसी परिस्थितियां समाप्त करने की अपील की गई, जिनसे मुस्लिम समाज स्वयं को असुरक्षित महसूस करता है।
बैठक में उपस्थित प्रमुख सदस्य
बैठक में मौलाना फूल मोहम्मद (बिहार), मुफ्ती ताहिर हुसैन (झारखंड), मौलाना अबुल कलाम (पश्चिम बंगाल), मौलाना रिजवानुल हक़ (कर्नाटक), कारी सगीर अहमद (दिल्ली), मुफ्ती फारुख आलम (पंजाब), डॉ. सैय्यद अशरफ़ कादरी (उत्तराखंड), हाफिज़ नूर अहमद अजहरी (पीलीभीत), मौलाना इरशाद सकाफ़ी (लखनऊ), मौलाना हसन रज़ा (मुरादाबाद), मौलाना इंकलाब नूरी बाबा (शाहजहांपुर), मौलाना बसारत अली (बहराइच), मुफ्ती फारुख मिस्बाही, मौलाना मुजाहिद हुसैन, राहत हुसैन हाशमी, नसीर अहमद नूरी, ताहिर हुसैन एडवोकेट तथा हाजी नाज़िम बैग (बरेली) सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।
मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी बरेलवी
राष्ट्रीय अध्यक्ष
ऑल इंडिया मुस्लिम जमात