21/12/2025
📰 बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या और शव जलाने का पूरा मामला
बांग्लादेश में हाल के समय में राजनीतिक अस्थिरता और कमजोर कानून-व्यवस्था के माहौल के बीच अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों की घटनाएँ सामने आई हैं। इन्हीं घटनाओं में से एक सबसे भयावह मामला मयमनसिंह जिले के भालुका इलाके से सामने आया, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया।
घटना की शुरुआत
स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, एक हिंदू युवक पर धार्मिक अपमान (ईशनिंदा) का आरोप लगाया गया। यह आरोप बिना किसी ठोस जाँच के फैलाया गया, जिसके बाद इलाके में तनाव बढ़ गया। अफवाहों और उकसावे के माहौल में भीड़ इकट्ठा हो गई।
भीड़ की हिंसा
भीड़ ने युवक को पकड़ लिया और उसे बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया। आसपास मौजूद लोग तमाशबीन बने रहे, जबकि समय पर पुलिस या प्रशासन की प्रभावी मौजूदगी नहीं थी। युवक को इतनी बुरी तरह पीटा गया कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
शव के साथ बर्बरता
हिंसा यहीं नहीं रुकी। युवक की मौत के बाद भीड़ ने उसके शव को एक पेड़ से बाँध दिया। इसके बाद डर फैलाने और क्रूरता दिखाने के उद्देश्य से शव पर पेट्रोल या ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा दी गई। यह कृत्य सार्वजनिक रूप से किया गया, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई।
घटना के बाद
घटना का वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर फैलने लगीं, जिससे मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुँचा। बाद में पुलिस मौके पर पहुँची और हालात को काबू में लिया। इस मामले में कुछ लोगों को गिरफ्तार किया गया, लेकिन स्थानीय हिंदू समुदाय का कहना है कि गिरफ्तारी से ज़्यादा ज़रूरी स्थायी सुरक्षा और निष्पक्ष न्याय है।
व्यापक संदर्भ
यह घटना कोई अलग-थलग मामला नहीं है। पिछले कुछ समय से बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों के घरों, दुकानों और मंदिरों पर हमलों, तोड़फोड़ और धमकियों की खबरें आती रही हैं। राजनीतिक अस्थिरता, अफवाहें और कट्टर सोच ने अल्पसंख्यकों को आसान निशाना बना दिया है।