21/07/2026
गोगामेड़ी मंदिर परिसर में आरती और जयकारों को लेकर विवाद, पुजारी और श्रद्धालु के बीच हाथापाई का आरोप
स्थान: गोगामेड़ी
विशेष खबर
गोगामेड़ी सुप्रसिद्ध श्री गोगाजी मंदिर परिसर में आरती के दौरान जयकारे लगाने और शंख बजाने को लेकर पुजारी और एक स्थानीय श्रद्धालु के बीच विवाद का मामला सामने आया है। श्रद्धालु अनुसार, वो पिछले 4 वर्षों से नियमित रूप से मंदिर में आरती के समय शंख बजाते हैं और धार्मिक जयकारे के साथ अपने धर्म का निर्वहन करते है।
क्या है पूरा मामला?
स्थानीय श्रदालू दलिप पुनिया ने जानकारी देते हुए बताया कि वे प्रतिदिन की भांति मंदिर में दर्शन एवं आरती के लिए उपस्थित हुए थे। उनके साथ बाहर से आए उनके एक मित्र भी दर्शन हेतु मौजूद थे। पुनिया का कहना है कि आरती समाप्त होने के बाद धार्मिक परंपरा का पालन करते हुए जयकारे (जैसे भारत माता की जय, राजा जैवर सिंह महाराज की जय, रानी सरियल की जय, माता बाछल की जय, सनातन धर्म की जय, कुंवर केसरा जी महाराज कि जय, गौ माता की जय आदि) लगाए, तो मंदिर के पुजारी ने उन्हें रोकने का प्रयास किया।
पुनिया का आरोप है कि पुजारी ने पीछे खड़े श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि इनके(पुनियां) साथ जयकारे न लगाएं और पुनियां पर माहौल खराब करने का आरोप लगाया। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए दलिप पुनिया ने कहा कि वे किसी भी प्रकार से माहौल नहीं बिगाड़ रहे हैं, बल्कि पिछले 4 सालों से मंदिर में आकर धार्मिक परंपरा का पालन कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वे नियमित रूप से आरती के दौरान शंख बजाने की सेवा देते आ रहे हैं।
इस दौरान वहां मौजूद अन्य श्रद्धालुओं द्वारा भी पुजारी के रोकने पर आपत्ति जताई गई।
गर्भ गृह के बाहर हाथापाई और वीडियो बनाने पर विवाद
घटनाक्रम आगे तब बढ़ा जब आरती समाप्त होने के बाद दलिप पुनिया और उनके मित्र गर्भ गृह से बाहर निकले। आरोप के अनुसार, पुजारी ने पुनिया के मित्र को रोक लिया और उनसे पूछताछ शुरू कर दी।
दलिप पुनिया का कहना है कि जब उन्होंने अपने साथी के बचाव और उनकी सुरक्षा करने के उद्देश्य से मोबाइल से वीडियो बनाना चाहा, तो स्थिति और तनावपूर्ण हो गई। पुनिया का आरोप है कि पुजारी ने उनकी गर्दन पकड़कर मारपीट करने का प्रयास किया, जिससे बात हाथापाई तक पहुंच गई। इस दौरान उनके मित्र के साथ भी हाथापाई की बात कही जा रही है, जो कि पहले से चोटिल है और उनके हाथ में रॉड डली हुई है।
इस मामले में निष्पक्षता बनाए रखने के लिए हम दूसरे पक्ष (पुजारी एवं मंदिर प्रशासन) से भी लगातार संपर्क साधने का प्रयास कर रहे हैं। पूरे मामले की वास्तविक स्थिति और सच्चाई दोनों पक्षों का पक्ष सामने आने के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी।
मीडिया की निष्पक्ष अपील
गोगामेड़ी मंदिर लाखों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। किसी भी धार्मिक स्थल पर शांति, मर्यादा और सौहार्द बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। हालांकि, घटना के कई पहलू हो सकते हैं और वायरल हो रहे वीडियो की सत्यता की जांच प्रशासन द्वारा की जानी बाकी है।
'Gogamedi News' सभी पक्षों से धैर्य और विवेक बनाए रखने की अपील करता है। हम किसी भी पक्ष का पूर्वाग्रही समर्थन न करते हुए प्रशासन और मंदिर ट्रस्ट से मांग करते हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि सच सामने आ सके। आम जन से भी विनम्र प्रार्थना है कि सोशल मीडिया पर चल रही आधी-अधूरी खबरों या अफवाहों पर ध्यान न दें और क्षेत्र में आपसी भाईचारा व शांति बनाए रखें।