09/06/2026
राज्यसभा चुनाव के लिए कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन के नामांकन पत्र पर भाजपा की आपत्ति के बाद मंगलवार को विधानसभा परिसर राजनीतिक अखाड़े में तब्दील हो गया। भाजपा और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के पहुंचने से माहौल गरमा गया। रिटर्निंग अफसर के कक्ष के बाहर दोनों दलों के कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की, जबकि अंदर कानूनी दलीलों का दौर चलता रहा।
भाजपा ने रिटर्निंग अफसर के समक्ष आपत्ति दर्ज कराते हुए आरोप लगाया कि मीनाक्षी नटराजन ने तेलंगाना की एक अदालत में लंबित मामले की जानकारी अपने नामांकन पत्र में नहीं दी। भाजपा नेताओं ने इसे नामांकन प्रक्रिया में महत्वपूर्ण जानकारी छिपाने का मामला बताते हुए नामांकन निरस्त करने की मांग की।
आपत्ति दर्ज कराने के दौरान नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय सहित भाजपा के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी विधानसभा पहुंचे। भाजपा नेताओं ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता आवश्यक है और उम्मीदवारों को अपने खिलाफ लंबित मामलों की जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए।
भाजपा के आरोपों के बाद कांग्रेस ने भी मोर्चा संभाल लिया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह और कांग्रेस के विधिक प्रकोष्ठ से जुड़े नेता विधानसभा पहुंचे। कांग्रेस नेताओं ने भाजपा की आपत्ति को राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश बताया।