08/07/2026
चंद कट्ठा जमीन के लिए उजड़ गया एक परिवार! हंटरगंज में भाई पर भाई की हत्या का आरोप, डटमी गांव में पसरा मातम
रिश्तों का कत्ल या जमीन का जुनून? जिस भाई के साथ बचपन बीता, उसी पर हत्या का आरोप; पत्नी और बेटी ने लगाए गंभीर आरोप, पुलिस जांच में जुटी
हंटरगंज (चतरा) | संवाददाता
चतरा जिले के हंटरगंज थाना क्षेत्र के डटमी गांव से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। जिस भाई के साथ बचपन बीता, जिसके साथ एक ही आंगन में खेलते-कूदते जिंदगी गुजरी, आज उसी भाई पर छोटे भाई की हत्या का आरोप लगा है। इस दर्दनाक घटना ने न सिर्फ एक परिवार को उजाड़ दिया, बल्कि रिश्तों की बुनियाद पर भी कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम डटमी, पोस्ट बलुरी, थाना हंटरगंज निवासी कैलाश यादव (पिता–स्वर्गीय जागो यादव) की कथित तौर पर लाठी-डंडे से पीटकर हत्या कर दी गई। प्रारंभिक जानकारी में घटना का कारण वर्षों से चला आ रहा जमीन विवाद बताया जा रहा है।
पत्नी और बेटी ने लगाए गंभीर आरोप
घटना के बाद मृतक की पत्नी और बेटी ने पुलिस के समक्ष गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि विलाश यादव के अलावा कमलेश यादव, मिथिलेश यादव तथा परिवार की दो महिला सदस्यों ने मिलकर कैलाश यादव के साथ मारपीट की, जिसके कारण उनकी मौत हो गई। परिजनों ने सभी आरोपितों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि अभी पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
गांव में मचा कोहराम, मातम में डूबा परिवार
घटना की सूचना मिलते ही पूरे डटमी गांव में अफरा-तफरी मच गई। देखते ही देखते घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। घर में चीख-पुकार और मातम का माहौल देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं।
पुलिस ने संभाला मोर्चा
सूचना मिलते ही हंटरगंज थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और पूरे मामले की जानकारी ली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कानूनी प्रक्रिया पूरी की तथा पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, चतरा भेज दिया। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और सभी आरोपों की गहन जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सबसे बड़ा सवाल... आखिर कब तक?
क्या कुछ कट्ठा जमीन इंसान की जान से भी ज्यादा कीमती हो गई है?