02/06/2026
⚖️ NEET-UG Exam Case: सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला— 21 जून की दोबारा परीक्षा 'पेन-पेपर मोड' में ही होगी; पुणे के शिक्षक समेत 3 आरोपी जेल भेजे गए
नीट-यूजी (NEET-UG) 2026 पेपर लीक मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट और विशेष सीबीआई अदालत से दो बेहद बड़े अपडेट सामने आए हैं।
एक तरफ जहां सुप्रीम कोर्ट ने आगामी 21 जून को होने वाली दोबारा परीक्षा (Re-exam) के मोड को बदलने से साफ इनकार कर दिया है, वहीं दूसरी तरफ सीबीआई (CBI) की विशेष अदालत ने पेपर लीक साजिश में शामिल पुणे के शिक्षक और डॉक्टर समेत तीन मुख्य आरोपियों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत (जेल) में भेज दिया है।
💻 'कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट' (CBT) की मांग सुप्रीम कोर्ट ने ठुकराई
आरजेडी (RJD) सांसद सुधाकर सिंह द्वारा दाखिल याचिका पर सोमवार को न्यायमूर्ति पी. एस. नरसिम्हा की अध्यक्षता वाली पीठ ने सुनवाई की।
याचिकाकर्ता के वकील सत्यम सिंह राजपूत ने दलील दी थी कि पेपर लीक रोकने के लिए 21 जून की परीक्षा पेन-पेपर (OMR) के बजाय कंप्यूटर बेस्ड मोड (CBT) में कराई जानी चाहिए।
व्यावहारिक दिक्कतें समझें: सुप्रीम कोर्ट ने इस मांग को खारिज करते हुए कहा, "परीक्षा आयोजित करने वाली अथॉरिटीज (NTA) की व्यावहारिक दिक्कतों को समझिए।
वे पहले से ही व्यवस्था में कई तरह के बदलाव कर रहे हैं। इतने कम समय में मोड बदलना संभव नहीं है।"
जुलाई तक टली सुनवाई: कोर्ट ने अंतरिम राहत देने से इनकार करते हुए मुख्य याचिका पर अगली सुनवाई गर्मियों की छुट्टियों के बाद जुलाई 2026 में तय की है।
केंद्र सरकार को पहले ही हलफनामा देकर यह बताने का निर्देश दिया जा चुका है कि भविष्य में पेपर लीक रोकने के लिए क्या कड़े कदम उठाए जा रहे हैं।
याद दिला दें: 3 मई 2026 को हुई नीट-यूजी की मूल परीक्षा पेपर लीक के कारण 12 मई को निरस्त कर दी गई थी, जो अब 21 जून 2026 को दोबारा होने जा रही है।
👮 पुणे के शिक्षक और लातूर के डॉक्टर समेत 3 आरोपी 14 दिन की न्यायिक हिरासत में
इधर, दिल्ली की राउज एवेन्यू स्थित सीबीआई विशेष अदालत के न्यायाधीश अजय गुप्ता ने पेपर लीक मामले के तीन हाई-प्रोफाइल आरोपियों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दिया है:
तेजस हर्षद कुमार शाह: पुणे के रहने वाले भौतिकी (Physics) के शिक्षक, जिन पर छात्रों को लीक पेपर मुहैया कराने का आरोप है।
डॉ. मनोज शिरुरे: महाराष्ट्र के लातूर के रहने वाले बाल रोग विशेषज्ञ (Pediatrician)।
मनीषा संजय हवलदार: एनटीए (NTA) से संबद्ध भौतिकी की लेक्चरर।
📄 सीबीआई का संगीन आरोप: सीबीआई के अनुसार, लेक्चरर मनीषा हवलदार ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर एक गहरी साजिश रची थी।
उन्होंने बिना किसी अधिकृत अनुमति के गोपनीय नीट-यूजी प्रश्नपत्र को अपने पास रखा और फिर मोटी रकम (धन) के बदले इसे अन्य आरोपियों और पुणे के शिक्षक तेजस शाह के साथ साझा किया।
इस राष्ट्रीय परीक्षा धांधली मामले में सीबीआई अब तक 13 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है, और जेल भेजे गए इन तीनों आरोपियों से आगे की पूछताछ के लिए कड़ियां जोड़ी जा रही हैं।