13/06/2026
#गोंडा की इंडियन बैंक प्रधान शाखा में हुए करोड़ों रुपये के महाघोटाले में बैंक के 69 अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। कोतवाली नगर में बैंक के सचिव द्वारा दर्ज कराए गए इस मुकदमे से बैंकिंग सेक्टर में हड़कंप मच गया है। सभी आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 173(4) के तहत जालसाजी और फोर्जरी (420) का मुकदमा दर्ज किया गया है। चौंकाने वाली बात यह है कि इस मुकदमे की जद में पिछले 23 सालों के दौरान इस बैंक शाखा में तैनात रहे हर मैनेजर का नाम शामिल है। इसके अलावा तत्कालीन कैशियर, हेड कैशियर, पोस्ट अफसर और क्लर्कों को भी इस घोटाले में आरोपी बनाया गया है। जांच के दौरान इस महाघोटाले की परतें जैसे-जैसे खुलीं, वैसे-वैसे घोटाले की रकम भी बढ़ती गई; शुरुआती जांच में 3 करोड़ 60 लाख रुपये का दिखने वाला यह घोटाला अब ब्याज सहित बढ़कर 4 करोड़ 90 लाख रुपये तक पहुंच गया है। इस पूरे मामले में बैंक के तत्कालीन सचिव की भूमिका की भी गहन जांच चल रही है, हालांकि अभी उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है।