11/05/2026
Subject: मातृ दिवस के अवसर पर देश की अस्मिता और संस्कृति की रक्षा हेतु एक पुत्र की विनती।
सेवा में,
माननीया राष्ट्रपति महोदया,
भारत गणराज्य।
विषय: सोशल मीडिया पर बढ़ती अश्लीलता और सांस्कृतिक पतन के विरुद्ध कठोर कदम उठाने के संबंध में।
आदरणीया माता जी,
आज 'मातृ दिवस' (Mother's Day) है, और इस पावन अवसर पर मैं आपको केवल देश की सर्वोच्च नागरिक के रूप में नहीं, बल्कि एक माँ के रूप में यह पत्र लिख रहा हूँ। सबसे पहले आपको मातृ दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ। एक माँ जिस तरह अपने परिवार के संस्कारों की रक्षा करती है, मुझे विश्वास है कि आप भी इस देश की संस्कृति की रक्षा उसी ममता और कठोरता से करेंगी।
मैं कुलदीप सैनी, राजस्थान की वीर धरा का एक सनातनी हिंदू पुत्र, आज अत्यंत व्यथित हृदय से आपका ध्यान 'इंस्टाग्राम' और 'फेसबुक' जैसे प्लेटफॉर्म्स पर फैल रही गंदगी की ओर खींचना चाहता हूँ। आज रील्स के नाम पर जिस तरह बिना कपड़ों के या बेहद आपत्तिजनक स्थिति में लड़कियां सड़कों पर वीडियो बना रही हैं, वह हमारे गांवों और शहरों की मर्यादा को तार-तार कर रहा है।
महोदया, हमारे समाज के आचार-विचार और रहन-सहन पर इसका बहुत गहरा और नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। यदि इसे अभी नहीं रोका गया, तो हमारी आने वाली पीढ़ियां अपनी जड़ों और संस्कारों को भूल जाएंगी। जिस तरह पूर्व में 'टिकटॉक' पर प्रतिबंध लगाया गया था, मेरा आपसे विनम्र आग्रह है कि इन प्लेटफॉर्म्स पर भी ऐसी अश्लीलता को तुरंत ब्लॉक किया जाए या फिर दुबई और सऊदी अरब जैसे देशों की तरह यहाँ भी कड़े सेंसरशिप कानून लागू किए जाएं।
एक माँ ही अपने बच्चों को कुमार्ग पर जाने से रोकती है। आज भारत की युवा पीढ़ी को इस डिजिटल गंदगी से बचाने के लिए आपके हस्तक्षेप की अत्यंत आवश्यकता है।
आशा है कि एक माँ अपने इस पुत्र की पुकार को अनसुना नहीं करेंगी।
सादर प्रणाम,
आपका पुत्र,
कुलदीप सैनी
पता: किशोरपुरा रोड, हाथोज, झोटवाड़ा, जयपुर, राजस्थान - 302012
मोबाइल नंबर: 8107212619
दिनांक: 10/05/2026 India Vaishnaw India