18/08/2026
पहाड़ों की ज़िंदगी नहीं है आसान।
थल–मुनस्यारी सड़क पर ला झेकला के पास मलबा फटा, सड़क बही — और दूसरी तरफ फंसे लोगों के पास बस एक ही रास्ता बचा: हाथ थामो, जान हथेली पर रखो, और उफनते मलबे को पार कर जाओ। एक-दूसरे का सहारा बनकर, नंगे पांव, फिसलन भरी चट्टानों पर — यही पहाड़ की असली हिम्मत है, जो कभी सुर्खी नहीं बनती।
📍 ला झेकला, थल–मुनस्यारी रोड, पिथौरागढ़
िंद