27/05/2026
जमुई जिले के चकाई स्थित +2 DDB कोराने हाईस्कूल में आधारभूत संरचना का अभाव, कम संसाधन में मिल रही बेहतर शिक्षा || Jamui Hunt Media
• Report: Abhishek Kumar Jha | जमुई जिले के चकाई प्रखंड के सुदूर नक्सल प्रभावित गांव कोराने स्थित +2 देव देव बैकुण्ठ उच्च विद्यालय बदहाल आधारभूत संरचना के कारण शिक्षा की गुणवत्ता से जूझ रहा है। तकरीबन 1550 छात्र-छात्राओं के नामांकन वाले इस विद्यालय में सिर्फ 15 कमरे हैं, जिनमें से 3 क्षतिग्रस्त हैं। विद्यालय में कला कक्ष को रसोई में तब्दील कर मिट्टी के चूल्हे पर मिड-डे मील बनाया जा रहा है। आईसीटी लैब स्टोररूम और स्पोर्ट्स रूम नाइटगार्ड कक्ष बन गया है। कक्षा 11वीं की पढ़ाई लाइब्रेरी में जबकि 12वीं के छात्र बरामदे में बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं। कॉमर्स फैकल्टी के अभाव में इच्छुक छात्र दूसरे विषय चुन रहे हैं या जसीडीह-देवघर पलायन कर रहे हैं। वोकेशनल एजुकेशन शुरू करने पर विचार चल रहा है।
लगभग 82 लाख की लागत से बनने वाली बाउंड्री 4 साल से 50% अधूरी है, जिससे स्कूल असुरक्षित है। छात्रावास में बिजली-पानी की भारी किल्लत है। 1500 बच्चों के लिए सिर्फ दो आरओ से पेयजल की व्यवस्था है। परिसर में मोबाइल नेटवर्क भी नहीं है।
यहां 6 शिक्षकों के पद रिक्त हैं, जबकि डेपुटेशन पर आए 5 शिक्षकों ने विद्यालय के शैक्षणिक व्यवस्था में जान फूंक दी है। बच्चे बगल के विद्यालय की अव्यवस्था से नाराज हैं। प्राचार्य डॉ. धर्मेन्द्र ने डीईओ को वस्तुस्थिति से अवगत कराया है। वहीं,डीईओ दयाशंकर ने पीएम-श्री योजना के तहत बजट से सुविधा विस्तार का भरोसा दिया है।