25/08/2026
गोरखनाथ मठ अपनी सांस्कृतिक विरासत और पहचान के लिए पूरी दुनिया में मशहूर है। इसके अलावा इसकी पहचान सामाजिक, धार्मिक समभाव और सद्भाव के लिए भी है। मंदिर परिसर में केवल हिंदू धर्म से जुड़े लोग ही नहीं बल्कि अन्य धर्मों जैसे सिख और मुस्लिम समाज के लोग भी अपनी पूरी निष्ठा भाव से सेवाएं देते हैं। मंदिर परिसर में हिंदू, सिंधी समाज के अलावा बहुत सी दुकानें मुस्लिम समाज के लोगों की भी हैं। मकर संक्रांति पर्व पर यहां हर साल खिचड़ी मेला लगता है, जहां दूर-दराज से काफी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग आते हैं और महीने भर अपनी दुकानें भी लगाते हैं। मंदिर की सेवा में काफी समय से मुस्लिम समाज के लोग पीढ़ी दर पीढ़ी भी लगे हुए हैं। इनमें से एक यासीन अंसारी हैं, जो पिछले 49 वर्षों से पूरी ईमानदारी और निष्ठा से यहां सेवाएं दे रहे हैं। अंसारी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बेहद करीब और विश्वास पात्र भी हैं। सीएम योगी इन्हें 'मुंशी जी' कहते हैं।
गोरखपुर अपनी सांस्कृतिक विरासत और गंगा जमुनी संस्कृति के लिए तो मशहूर है ही, साथ ही गोरक्षपीठ और गोरखनाथ मंदिर की वजह से पूरे विश्व में जाना जाता है। वर्षों से यहां मकर संक्रांति पर्व पर खिचड़ी मेले की परंपरा रही है जो एक महीने से ज्यादा समय तक चलता है। यहां बगैर किसी धार्मिक और सामाजिक भेदभाव के दूर दराज से लोग दर्शन करने के लिए आते हैं। मेले में मुस्लिम समाज के दुकानदार भी होते हैं। मंदिर परिसर में बहुत सी स्थाई दुकानें मुस्लिम समाज के लोगों की भी हैं, जो बरसों से यहां व्यवसाय कर रहे हैं।