24/10/2021
सूर्य उदय के साथ ही व्रत आरम्भ होकर देर रात चन्द्रोदय के साथ समाप्त होता है. बिना जल के व्रत रखना बेहद कठिनाई भरा होता हैं मगर अपने पति के लिए वे समस्त तरह का संकट झेल सकती है इसी प्रेम और पति पत्नी के बीच आपसी सहयोग का प्रतीक पर्व है करवा चौथ.