27/01/2026
"मंडल आयोग लागू करो, वरना कुर्सी खाली करो"
ये नारा कार्यकर्ताओं द्वारा पूरे भारत में गूंजा हर सड़क हर नुक्कड इस नारे की चर्चा थी, और भारत सरकार पर दबाव बनाया गया !
प्रधानमंत्री वीपी सिंह जी की सभी मुलाकात उस समय मान्यवर कांशीराम साहिब से हुआ करती थी, चूंकि बसपा कार्यकर्ताओं ने पूरे देश में पिछड़ों को जगाने उनका हक अधिकार दिलाने के लिए अनेक विरोध सहे पर बसपा पीछे ना हटी तब अनेक दौर की वार्ता के बाद आधिकारिक घोषणा से पहले भी वीपी सिंह और मान्यवर कांशीराम जी ने एक बंद कमरे की मीटिंग करी थी !
उस समय लालू यादव, मुलायम सिंह यादव जी, दोनों मुख्यमंत्री थे और शरद यादव केंद्र में मंत्री सभी सत्ता की मलाई का आनंद ले रहे थे,
आप पूरे इतिहास में समाजवादी और राजद के द्वारा एक धरना प्रदर्शन नहीं खोज सकते जो मंडल आयोग के समर्थन में स्पष्ट रूप से सड़को पर किया गया हो !!
अंत में सारा क्रेडिट पिछड़े नेताओं लेने आए कहने लगे हमने दबाव बनाया ,
अब #यूजीसी पर पिछड़ों का समर्थन या विरोध करने से पहले इनके पिछड़े नेताओं का स्टैंड स्पष्ट पता होना जरूरी है,
जयंत चौधरी केंद्र में मौज ले रहे है, अखिलेश यादव छोटे शंकरचार्य बने हुए है, तेज प्रताप विदेश घूमने की प्लानिंग कर रहे है, राहुल गांधी हमेशा की तरह टकराव की स्थिति बनते ही भाग खड़े होते है,
जब तक इनका क्लियर स्टैंड ना हो जाए दलित फ्रंट पर नहीं आएगा और सवर्ण ऑनलाइन बकैतो को समझना चाहिए जो अनावश्य दलितों के विरोध में खून की ऑनलाइन उल्टी कर रहे है, अगर दलित समर्थन पहले कर गए तो किसी के पिताजी भी इस नियम को लागू करने से रोक ना पाए ,
आपको पिछड़ों से समस्याएं तो उनसे निपटों इन के बीच में अंबेडकर या दलितों का नाम आया तो समझ ले ये 1990 का दलित नहीं है, ये chatgpt पर फोटो बना के ऑनलाइन तमाशा नहीं करते !! नमस्ते !!
फोटो :– प्रधानमंत्री श्री वीपी सिंह जी मंडल कमीशन के दौरान मान्यवर कांशीराम साहिब की सलाह लेते हुए दूसरा फोटो बसपा का OBC पिछड़ों हितों में चलाई मुहिम जेल भरो आंदोलन का एक पंपलेट !!