VeriFi News

VeriFi News Viewers tired of propaganda, drama, seeking unbiased, intelligent, truth-driven journalism. That rare channel that sees.. doesn’t just show.

In a world clouded by noise, where every voice claims to be the truth, we choose to see. With eyes that don’t blink, with minds that don’t bend, we seek what’s real, not what’s viral. Because truth doesn’t hide, it waits to be seen. VeriFi News - Eyes That Don’t Lie.

हैदराबाद के राजेंद्रनगर इलाके में एक मुस्लिम महिला अपनी मेहनत और आत्मसम्मान की मिसाल पेश कर रही हैं। बुर्का पहने यह महिल...
24/02/2026

हैदराबाद के राजेंद्रनगर इलाके में एक मुस्लिम महिला अपनी मेहनत और आत्मसम्मान की मिसाल पेश कर रही हैं। बुर्का पहने यह महिला रोज़ अपनी रेहड़ी लगाकर रोज़ी-रोटी कमाती हैं।

काम शुरू करने से पहले दुआ करती हैं, जिससे साफ़ झलकता है कि उनके लिए मेहनत और तवक्कुल साथ-साथ चलते हैं।

भागदौड़ भरी ज़िंदगी में जहां लोग अक्सर अपनी दीनी जिम्मेदारियों में कोताही कर बैठते हैं, वहीं यह महिला अपनी पहचान कायम रखते हुए आत्मनिर्भरता का संदेश दे रही हैं।

यह रेहड़ी सिर्फ रोज़गार का ज़रिया नहीं, बल्कि हिम्मत, ईमान और आत्मसम्मान की एक मजबूत मिसाल है।

"मीरा रोड में Prime Foundation द्वारा रमज़ान राशन वितरण का प्रथम चरण संपन्न"मीरा रोड में पवित्र रमज़ान माह के अवसर पर ‘P...
20/02/2026

"मीरा रोड में Prime Foundation द्वारा रमज़ान राशन वितरण का प्रथम चरण संपन्न"

मीरा रोड में पवित्र रमज़ान माह के अवसर पर ‘Prime Foundation’ द्वारा ज़रूरतमंद परिवारों के लिए राशन वितरण कार्यक्रम का प्रथम चरण सफलता पूर्व क संपन्न किया गया। इस पहल का उद्देश्य रोज़ा रखने वाले परिवारों को आवश्यक खाद्य सामग्री उपलब्ध कराकर उनकी दैनिक आवश्यकता ओं में सहयोग प्रदान करना है।

संस्था द्वारा वितरित प्रत्येक राशन पैकेट में चावल, गेहूँ का आटा, खाद्य तेल, चीनी, नमक, दालें, खजूर तथा अन्य आवश्यक किराना सामग्री सम्मिलित थी। इन वस्तुओं से परिवारों को सहरी और इफ़्तार की तैयारी में सुविधा प्राप्त होगी।

संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि यह वितरण कार्यक्रम का केवल प्रथम चरण है। संपूर्ण रमज़ान माह के दौरान अन्य चरणों में भी राशन वितरण किया जाएगा, ताकि अधिकाधिक ज़रूरतमंद परिवारों तक सहायता पहुँचाई जा सके।

‘Prime Foundation’ की यह पहल समाज में दया, करुणा और परस्पर सहयोग की भावना को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है। स्थानीय नागरिकों ने भी इस सामाजिक कार्य की सराहना करते हुए इसे मानव सेवा का प्रेरणादायक उदाहरण बताया।

अल्पसंख्यकों के न्याय की बात हो, तो कांग्रेस और भाजपा में कोई फर्क नज़र नहीं आता — दोनों एक ही थाली के चट्टे-बट्टे हैं। ...
18/02/2026

अल्पसंख्यकों के न्याय की बात हो, तो कांग्रेस और भाजपा में कोई फर्क नज़र नहीं आता — दोनों एक ही थाली के चट्टे-बट्टे हैं। जो आरक्षण मुसलमानों को कभी दिया ही नहीं गया, उसे सिर्फ ध्रुवीकरण के लिए रद्द करने की घोषणा करने के बजाय सरकार को न्याय करना चाहिए।

जेल से रिहा होने के बाद पप्पू यादव ने असदुद्दीन ओवैसी और अख्तरुल इमान का आभार जताया।साथ ही सभी पत्रकार साथियों और सोशल म...
14/02/2026

जेल से रिहा होने के बाद पप्पू यादव ने असदुद्दीन ओवैसी और अख्तरुल इमान का आभार जताया।
साथ ही सभी पत्रकार साथियों और सोशल मीडिया न्यूज़ चैनलों को धन्यवाद दिया।

सलमान ख़ान एक फ़िल्म अभिनेता हैं। अगर उन्हें देश में सम्मान के साथ रहना है, तो सत्तापक्ष जो बोलेगा उसे वे ठुकरा नहीं सकत...
10/02/2026

सलमान ख़ान एक फ़िल्म अभिनेता हैं। अगर उन्हें देश में सम्मान के साथ रहना है, तो सत्तापक्ष जो बोलेगा उसे वे ठुकरा नहीं सकते। सत्तापक्ष का दबाव रहता है।


"सुल्तानपुर में भाईचारे की मिसाल: मुस्लिम समाजसेवी ने मंदिर के लिए दान की जमीन"सुल्तानपुर के वल्लीपुर कस्बे में मुस्लिम ...
05/02/2026

"सुल्तानपुर में भाईचारे की मिसाल: मुस्लिम समाजसेवी ने मंदिर के लिए दान की जमीन"

सुल्तानपुर के वल्लीपुर कस्बे में मुस्लिम समाजसेवी सैयद एहसान अली उर्फ मुन्ना ने करीब 50 लाख रुपये की जमीन मंदिर और आम रास्ते के लिए दान कर समाज में भाईचारे की मिसाल पेश की है। उनके इस कदम की पूरे जिले में सराहना हो रही है।

"संसद में गूंजा खाद्य मिलावट का मुद्दा, राघव चड्ढा बोले— जनता धीरे-धीरे खा रही है ज़हर"राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने संसद...
04/02/2026

"संसद में गूंजा खाद्य मिलावट का मुद्दा, राघव चड्ढा बोले— जनता धीरे-धीरे खा रही है ज़हर"

राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने संसद में खाद्य पदार्थों में बढ़ती मिलावट पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि दूध, सब्ज़ी, पनीर, मसाले और आइसक्रीम तक में खतरनाक रसायन मिलाए जा रहे हैं। यह देश के लिए एक गंभीर स्वास्थ्य संकट बन चुका है। उन्होंने सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग की।

"महाराष्ट्र के नांदेड अदालत का बड़ा फैसला, बैरिस्टर असदुद्दीन ओवैसी समेत सभी आरोपी बरी"
01/02/2026

"महाराष्ट्र के नांदेड अदालत का बड़ा फैसला, बैरिस्टर असदुद्दीन ओवैसी समेत सभी आरोपी बरी"

"823 साल बाद दोहराएगा इतिहास, फरवरी 2026 का कैलेंडर बना दुर्लभ संयोग"फरवरी 2026 का कैलेंडर एक असाधारण खगोलीय और गणितीय स...
31/01/2026

"823 साल बाद दोहराएगा इतिहास, फरवरी 2026 का कैलेंडर बना दुर्लभ संयोग"

फरवरी 2026 का कैलेंडर एक असाधारण खगोलीय और गणितीय संयोग का उदाहरण है। दिनों और तारीख़ों का ऐसा ही संयोजन अब पूरे 823 वर्षों के बाद ही पुनः देखने को मिलेगा। लीप वर्ष चक्र और सप्ताहीय गणना के विशेष मेल ने फरवरी 2026 को कैलेंडर इतिहास में एक अनोखा स्थान दिलाया है।

वेरिफ़ाई न्यूज़ परिवार की ओर से विनम्र श्रद्धांजलि”
28/01/2026

वेरिफ़ाई न्यूज़ परिवार की ओर से विनम्र श्रद्धांजलि”

“विमान दुर्घटना की खबर के साथ महाराष्ट्र ने आज अपने एक महान नेता को खो दिया।”
28/01/2026

“विमान दुर्घटना की खबर के साथ महाराष्ट्र ने आज अपने एक महान नेता को खो दिया।”

"कैसा हराया…”—एक संवाद, एक कहानी“कैसा हराया…”इस एक संवाद ने जहां शहर शेख को चर्चा में ला कर देश-भर में प्रसिद्धि दिला दी...
27/01/2026

"कैसा हराया…”—एक संवाद, एक कहानी

“कैसा हराया…”
इस एक संवाद ने जहां शहर शेख को चर्चा में ला कर देश-भर में प्रसिद्धि दिला दी, वहीं मरज़िया पठान की खामोशी ने उन्हें एक समझदार नगरसेविका के रूप में स्थापित करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।

आख़िर “कैसा हराया” के पीछे की कहानी क्या है, इसे समझने की ज़रूरत है।
क्या यह विधायक जितेंद्र आव्हाड के प्रति गुस्सा है, नाराज़गी है या टीस?
जी हाँ, आपने बिल्कुल सही समझा।

दरअसल, एनसीपी के लिए शहर शेख के पिता ने वर्षों तक कड़ी मेहनत की। उनके कथन के अनुसार, जितेंद्र आव्हाड को आगे बढ़ाने के लिए उन्होंने दिन-रात एक कर दिया और कोई कसर बाकी नहीं छोड़ी। लेकिन जब इतनी मेहनत के बावजूद उसका कोई फल नहीं मिला, तो स्वाभाविक रूप से गुस्सा फूट पड़ा।

इसी गुस्से को एक अवसर मिला—और वह अवसर दिया AIMIM ने।
इस मौके का पूरा लाभ उठाते हुए शहर शेख ने अपनी मेहनत का फल हासिल किया और राजनीति में जीत की ओर पहला मज़बूत क़दम बढ़ाने में सफल रहे।

इस जीत की खुशी में, भावावेश में यह वाक्य अनायास ही निकल गया—“कैसा हराया…”।
यह संकेत शायद सीधे तौर पर जितेंद्र आव्हाड की ओर था।

हरे रंग को लेकर दिए गए बयान पर जब पत्रकारों ने सवाल पूछे, तो शहर शेख ने स्पष्ट किया कि
“हरे रंग से रंग दूंगी” का मतलब अपने इलाके को हरियाली से सजाना है—यानी पेड़-पौधे लगाकर क्षेत्र को हरा-भरा बनाना।

वहीं, मरज़िया पठान की खामोशी यह भी दर्शाती है कि उनके दिल की मुराद पूरी हो चुकी है।

— राशिद विरोधी

Address

Mumbai

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when VeriFi News posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Share