10/06/2026
पीबीएम में बाजार से मंगवाकर लगाए ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन
प्रसूताओं की किडनी फेल होती रही, हॉस्पिटल प्रशासन ने नहीं दिया ध्यान
7 दिन बाद बनाई कमेटी
बीकानेर । बीकानेर के प्रिंस बिजय सिंह मेमोरियल (पीबीएम) सरकारी हॉस्पिटल में डिलीवरी के बाद 6 प्रसूताओं की किडनी फेल हो गई। अस्पताल अधीक्षक डॉ. बी.सी. घीया ने बताया- सिजेरियन डिलीवरी के बाद प्रसूताओं को बाजार से मंगवाए ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन लगाए थे। इसके बाद ही महिलाओं की तबीयत बिगड़ती गई। हालांकि अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन में कोई गड़बड़ी थी। अधीक्षक ने कहा- 2 जून को ही महिलाओं की हालत बिगडऩे की जानकारी मिल गई थी, जिसके बाद इस इंजेक्शन का उपयोग बंद कर दिया गया। जबकि एक प्रसूता की जेठानी का दावा है कि ऑपरेशन 4 जून को हुआ, जिसके बाद महिला की हालत खराब हुई। जिन ऑपरेशन थिएटर और आईसीयू में इन महिलाओं का इलाज हुआ, वहां संक्रमण भी मिला है। हॉस्पिटल प्रशासन ने ओटी, आईसीयू में सफाई और फॉगिंग भी करवाई। प्रीति (20) के पति कमल ने बताया- 15 मई से मेरी पत्नी हॉस्पिटल में भर्ती है। वह 6 महीने से प्रेग्नेंट थी। यहां ऑपरेशन के बाद उसकी हालत बिगड़ गई। डिलीवरी के दूसरे दिन बच्चे की मौत हो गई। 10 से ज्यादा बार प्रीति का डायलिसिस हो चुका है। अभी भी उसकी हालत खराब है। हॉस्पिटल प्रशासन को 2 जून को ही संकेत मिल गए थे, लेकिन जांच कमेटी 7 दिन बाद बनाई गई। तब तक 6 प्रसूताएं किडनी फेल होने के कारण डायलिसिस पर आ चुकी थी। हॉस्पिटल अधीक्षक डॉ. बीसी घीया ने बताया- डॉक्टर की तरफ से अभी तक कोई लापरवाही सामने नहीं आई है। हालांकि लापरवाही सामने आती है तो निश्चित तौर पर कार्रवाई होगी।