18/05/2026
सिवान के कर्मचारी को अपराधियों ने गोलियों से भून डाला जी हां सिवान में अपनी ड्यूटी निभाकर, सरकारी काम खत्म कर घर लौट रहे एक राजस्व कर्मचारी को रास्ते में घेरकर, सरेराह पीठ में गोली मार दी गई! अपराधियों ने पीछे से वार किया... और तड़पते हुए कर्मचारी को सड़क पर छोड़कर फरार हो गए! क्या बिहार में अब सरकारी नौकरी करना भी खतरे से खाली नहीं रहा? यह खौफनाक वारदात सारण जिले के सहजीतपुर थाना क्षेत्र के मोती छपरा इलाके की है। रविवार की शाम... जब सूरज ढल रहा था, तब सड़कों पर एक सरकारी मुलाजिम अपनी बाइक से घर की तरफ बढ़ रहा था। नाम- असलम अंसारी। पद- राजस्व कर्मचारी। असलम अंसारी सीवान जिले के भगवानपुर हाट में तैनात हैं। रविवार की छुट्टी के दिन भी वे 'राजस्व महाअभियान' को सफल बनाने के लिए जी-जान से जुटे थे। काम खत्म हुआ, तो चेहरे पर घर लौटने की ख़ुशी थी... लेकिन उन्हें क्या पता था कि रास्ते में मौत की गाड़ी उनका पीछा कर रही है! जैसे ही असलम अंसारी मोती छपरा के पास पहुंचे, पीछे से एक बाइक पर सवार अज्ञात कालमंडली... यानी बेखौफ अपराधी उनके नजदीक आते हैं। इससे पहले कि असलम कुछ समझ पाते, अपराधियों ने ट्रिगर दबा दिया! 'ठांय!'... एक गोली सीधे असलम के दाहिने कंधे को चीरती हुई पार कर गई। असलम लहूलुहान होकर बाइक समेत सड़क पर गिर पड़े और अपराधी हवा में असलहा लहराते हुए रफूचक्कर हो गए! चीख-पुकार मची, तो आसपास के लोग दौड़े। इसी बीच देवदूत बनकर सामने आए बनियापुर के सीएसपी संचालक यासीन अंसारी! उन्होंने बिना वक्त गंवाए तड़पते हुए असलम को संभाला और सीधे सहाजितपुर थाना पुलिस को फोन खड़काया। पुलिस मौके पर पहुंचती है। असलम की हालत नाजुक थी, खून लगातार बह रहा था। आनन-फानन में उन्हें पहले बनियापुर रेफरल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन जख्म गहरा था, खतरा बड़ा था! डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें तुरंत छपरा के सदर अस्पताल रेफर कर दिया, जहां इस वक्त वो जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहे हैं! घायल असलम अंसारी खैरा थाना क्षेत्र के खैरा भट्ठी मोड़ के रहने वाले हैं। उनके पिता मंजूर अंसारी और पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। इस मामले पर सहाजितपुर थाना के अपर थानाध्यक्ष विजय सिंह का कहना है कि पुलिस तफ्तीश में जुट गई है, अपराधियों को पाताल से भी ढूंढ निकाला जाएगा।सवाल नंबर 1: क्या अपराधियों के मन से पुलिस का खौफ बिल्कुल खत्म हो चुका है?
सवाल नंबर 2: संडे के दिन भी ड्यूटी करने वाले एक राजस्व कर्मचारी से अपराधियों की क्या दुश्मनी थी? क्या इसके पीछे कोई जमीन का विवाद है या कोई बड़ी साजिश सारण से लेकर सीवान तक इस दुस्साहस से हड़कंप मचा है। पुलिस दावा कर रही है कि अपराधी जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे... लेकिन देखना ये है कि सुशासन का इकबाल इन अपराधियों पर कब और कैसे बरसता है!