24/05/2026
जिस बहन ने अपने भाई की शादी में आरती उतारने का सपना देखा था,
आज वही बहन 50 डिग्री की तपती धूप में हाथ जोड़कर इंसाफ मांग रही है।
जिस घर में ढोल-नगाड़े बजने थे,
आज वहाँ चीखें और आंसुओं की खामोशी पसरी हुई है।
दूल्हा बनकर नई जिंदगी शुरू करने निकला आजाद बिंद,
रास्ते में अपराधियों की गोलियों का शिकार हो गया।
दो महीना बीत गया,
लेकिन हत्यारे अब भी खुलेआम घूम रहे हैं।
एक बहन हर दिन अपने भाई की तस्वीर लेकर भटक रही है,
शायद इस उम्मीद में कि किसी दिन उसका दर्द सत्ता और प्रशासन के दिल को झकझोर देगा।
सोचिए…
50 डिग्री की धूप में कोई बहन सड़क पर क्यों भटकेगी?
क्योंकि उसके लिए उसका भाई सिर्फ एक इंसान नहीं था,
उसकी दुनिया था।
यह घटना सिर्फ एक परिवार का दुख नहीं,
पूरे समाज को झकझोर देने वाली सच्चाई है।
अगर आज भी इंसाफ नहीं मिला,
तो लोगों का कानून और व्यवस्था से भरोसा टूट जाएगा।