17/05/2026
ग्राम पंचायत सांगटी संन्होग में उपप्रधान पद पर रोमांचक मुकाबला, नशा मुक्त पंचायत बना बड़ा मुद्दा
ग्राम पंचायत सांगटी संन्होग में उपप्रधान पद को लेकर चुनावी सरगर्मियां चरम पर पहुंच गई हैं। इस बार मुकाबला केवल जीत-हार तक सीमित नहीं, बल्कि गांव के भविष्य और सामाजिक बदलाव से भी जुड़ता दिखाई दे रहा है। खास बात यह है कि चुनाव में “नशा मुक्त पंचायत” का मुद्दा तेजी से लोगों के बीच चर्चा का केंद्र बन गया है।
दोनों प्रमुख उम्मीदवार गांव-गांव जाकर जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं। चौपालों, नुक्कड़ सभाओं और घर-घर पहुंचकर मतदाताओं से समर्थन मांगा जा रहा है। युवाओं और महिलाओं की भागीदारी इस चुनाव में खास तौर पर देखने को मिल रही है।
गांव के बुजुर्गों और सामाजिक संगठनों का कहना है कि बढ़ते नशे के प्रभाव को रोकना पंचायत की सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए। इसी को देखते हुए चुनावी प्रचार में नशा मुक्त समाज, युवाओं को खेल और रोजगार की ओर प्रेरित करने तथा जागरूकता अभियान चलाने की बातें प्रमुखता से उठाई जा रही हैं।
इसके साथ ही सड़क, पेयजल, स्वच्छता, महिलाओं की सुरक्षा और पारदर्शी पंचायत व्यवस्था जैसे मुद्दे भी चुनावी चर्चा में बने हुए हैं। उम्मीदवार विकास के साथ-साथ सामाजिक सुधार को भी अपनी प्राथमिकता बता रहे हैं।
ग्रामीणों का मानना है कि इस बार उपप्रधान का चुनाव पंचायत की नई सोच और नई दिशा तय करेगा। गांव में यह चर्चा जोरों पर है कि आने वाला नेतृत्व केवल विकास ही नहीं, बल्कि समाज को नशे जैसी बुराइयों से दूर रखने में भी अहम भूमिका निभाएगा।
अब सभी की नजरें मतदान दिवस पर टिकी हैं, जहां जनता अपने मताधिकार से पंचायत के भविष्य का फैसला करेगी।