06/06/2026
शिमला: मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में शिमला पुलिस को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस थाना पूर्व (ईस्ट) शिमला के तहत दर्ज चिट्टा तस्करी के एक मामले में गहन तफ्तीश के बाद पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
मिली जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई अगस्त 2025 में दर्ज अभियोग संख्या 84/2025 (अधीन धारा 21, 29 एनडीपीएस अधिनियम) के तहत अमल में लाई गई है।
यह है पूरा मामला
बता दें कि बीते वर्ष 27 अगस्त 2025 को एसआईयू (SIU) की टीम ने एक वाहन से करीब 6 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया था। इस मामले में पुलिस पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी, जिनकी पहचान रोहित पंवार (22) निवासी ज्वालामुखी, जिला कांगड़ा और कर्ण सिंह (28) निवासी कसुम्पटी, शिमला के रूप में हुई थी।
तकनीकी और वित्तीय जांच से बेनकाब हुए सह-आरोपी
मामले की कड़ियों को जोड़ने के लिए पुलिस ने कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), लोकेशन विश्लेषण और बैंक खातों के वित्तीय लेन-देन की गहनता से जांच की। इस तकनीकी जांच में सामने आया कि दो अन्य युवक भी घटना से पहले और घटना के समय मुख्य आरोपियों के साथ नशा तस्करी के इस नेटवर्क में सक्रिय रूप से शामिल थे।
इस आधार पर पुलिस ने जाल बिछाकर दोनों सह-आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए नए आरोपियों की पहचान इस प्रकार है:
नमन शर्मा उर्फ गिन्नी (27): पुत्र श्री नरेन्द्र शर्मा, निवासी कसुम्पटी, शिमला।
हरीश बंसल उर्फ हैरी (27): पुत्र स्वर्गीय श्री लक्ष्मी दास, निवासी ज्यूरी (रामपुर), हाल निवासी मैहली, शिमला।
नमन शर्मा की गाड़ी से हुई थी सप्लाई, खातों में मिले संदिग्ध ट्रांजेक्शन
जांच में यह बड़ा खुलासा हुआ है कि चारों आरोपियों ने मिलकर इस चिट्टा खेप की खरीद, परिवहन और सप्लाई की पूरी साजिश रची थी। इतना ही नहीं, तस्करी के लिए आरोपी नमन शर्मा के वाहन का इस्तेमाल किया गया था। बैंक खातों की स्क्रूटनी में भी आरोपियों के बीच संदिग्ध वित्तीय लेन-देन की पुष्टि हुई है, जो इनके सांठगांठ को साबित करती है।
तीन दिन के पुलिस रिमांड पर आरोपी
पुख्ता सबूतों के आधार पर पुलिस ने नमन शर्मा और हरीश बंसल को 3 जून 2026 को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस अब रिमांड के दौरान आरोपियों से इस काले कारोबार के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज खंगालने में जुटी है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि चिट्ठे की यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किसे सप्लाई किया जाना था। मामले में आगे की तफ्तीश जारी है।