Jago Himachal

Directions Website Contact the business

Jago Himachal www.jagonews.in and YouTube JAGO HIMACHAL TV को लाइक व सब्सक्राइब करें

15/10/2026

17 अक्टूबर को ऊना में भाजपा का कार्यक्रम, डॉ. राजीव बिंदल करेंगे कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन

सेवा संकल्प अभियान के समापन की तैयारियां तेज, विशाल चौहान ने कांग्रेस सरकार पर साधा निशाना

ऊना। भारतीय जनता पार्टी की ओर से प्रदेशभर में चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के समापन कार्यक्रम की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। 17 अक्टूबर को ऊना में आयोजित होने वाले कार्यक्रम को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं की बैठक हुई, जिसमें आयोजन की रूपरेखा तैयार करने के साथ विभिन्न कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपी गईं। अभियान के तहत प्रदेशभर में रक्तदान शिविर, स्वास्थ्य जांच शिविर और जरूरतमंद परिवारों को निशुल्क राशन वितरित करने सहित विभिन्न सामाजिक सेवा गतिविधियां आयोजित की गई हैं।

हरपाल सिंह सत्ती ने बताया कि सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत प्रदेश में अनेक जनसेवा कार्य किए गए हैं। इनमें रक्तदान शिविर आयोजित करने, अस्पतालों में स्वास्थ्य संबंधी सहायता उपलब्ध करवाने और गरीब परिवारों को निशुल्क राशन वितरित करने जैसे कार्यक्रम शामिल हैं। उन्होंने बताया कि 17 अक्टूबर को अभियान के समापन पर प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसकी तैयारियों को लेकर बैठक में विस्तार से चर्चा की गई और कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपी गईं। कार्यक्रम में प्रदेश के संयोजकों और संबंधित पदाधिकारियों की भागीदारी रहेगी।

वहीं, भाजपा प्रभारी विशाल चौहान ने बताया कि भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ता आधारित और संगठन आधारित पार्टी है। संगठन को मजबूत बनाने के लिए प्रदेश के सभी विधानसभा क्षेत्रों में प्रत्येक मंडल की बैठक हर महीने के दूसरे सप्ताह में आयोजित करने की व्यवस्था बनाई गई है। इसी क्रम में ऊना विधानसभा क्षेत्र के ऊना और बसदेहड़ा मंडलों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में इस महीने की कार्ययोजना, आगामी कार्यक्रमों और संगठनात्मक गतिविधियों को प्रभावी बनाने को लेकर प्रमुख कार्यकर्ताओं के साथ चर्चा की गई।

जिला भाजपा कार्यालय में होगी कार्यशाला

विशाल चौहान ने बताया कि 17 अक्टूबर को ऊना स्थित जिला भाजपा कार्यालय में पार्टी के विभिन्न प्रकोष्ठों की जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की जाएगी। इसमें भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल उपस्थित रहकर कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन करेंगे। कार्यशाला में ऊना जिले की पांचों विधानसभा क्षेत्रों के अंतर्गत आने वाले विभिन्न प्रकोष्ठों के प्रमुख पदाधिकारी और जिम्मेदारी संभाल रहे कार्यकर्ता भाग लेंगे। उन्होंने कहा कि बैठकों और कार्यशालाओं के माध्यम से संगठनात्मक गतिविधियों को गति देने और कार्यकर्ताओं को आगामी कार्यक्रमों के लिए तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है।

कांग्रेस सरकार पर लगाए वादाखिलाफी के आरोप

प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए विशाल चौहान ने कहा कि पिछले चार वर्षों के दौरान सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर कई सवाल उठे हैं। उन्होंने कहा कि विपक्ष का दायित्व जनहित से जुड़े मुद्दों को उठाना और सरकार से जवाब मांगना है। उनके अनुसार, कांग्रेस के भीतर भी समय-समय पर असंतोष के स्वर सामने आते रहे हैं। उन्होंने वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं मंत्री चौधरी चंद्र कुमार के बयान का उल्लेख करते हुए कांग्रेस में गुटबाजी होने का दावा किया। उन्होंने कहा कि सरकार को आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर प्रदेश के विकास और जनता से किए गए वादों को पूरा करने पर ध्यान देना चाहिए।

विशाल चौहान ने कांग्रेस सरकार की चुनावी गारंटियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि कांग्रेस ने सत्ता में आने से पहले जनता से कई वादे किए थे। आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा इन वादों और उनके क्रियान्वयन से जुड़े मुद्दों को जनता के बीच उठाएगी। उन्होंने कहा कि भाजपा संगठन को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं को सक्रिय बनाने और सरकार की नीतियों से जुड़े मुद्दों को जनता तक पहुंचाने के लिए काम कर रही है।

15/10/2026

संजौली में आवारा कुत्तों और ट्रैफिक की समस्या से लोग परेशान, वरिष्ठ नागरिक कल्याण संघ ने महापौर के समक्ष उठाए मुद्दे

स्कूलों के बाहर फीडिंग प्वाइंट बनाने पर जताई चिंता, कुत्तों को निर्धारित स्थानों पर खाना खिलाने और बाजार में यातायात व्यवस्था सुधारने की मांग

शिमला। संजौली क्षेत्र में आवारा कुत्तों की समस्या और बाजार में बढ़ते यातायात दबाव को लेकर सीनियर सिटीजन वेलफेयर एसोसिएशन संजौली के प्रतिनिधिमंडल ने महापौर से मुलाकात कर विभिन्न समस्याओं को उनके समक्ष रखा। प्रतिनिधिमंडल ने विशेष रूप से स्कूलों के आसपास आवारा कुत्तों की मौजूदगी और बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। इसके साथ ही संजौली बाजार में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की।

एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी विजय सनोरिया ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल में एसोसिएशन के प्रधान विजय शर्मा, उपप्रधान गुप्ता, कैशियर राणा और सदस्य जितेंद्र भी शामिल रहे। इस दौरान उन्होंने महापौर को अपनी संस्था के पंजीकरण की प्रति सौंपी। उन्होंने बताया कि उनकी संस्था का पंजीकरण हो चुका है। ऐसे में भविष्य में यदि सरकार की ओर से वरिष्ठ नागरिकों से जुड़ी कोई योजना या सहायता उपलब्ध होती है, तो एसोसिएशन को इसकी जानकारी देने का आग्रह किया गया, ताकि संस्था के माध्यम से वरिष्ठ नागरिकों तक आवश्यक जानकारी पहुंचाई जा सके।

संजौली में आवारा कुत्तों की समस्या उठाई

विजय सनोरिया ने बताया कि संजौली में आवारा कुत्तों की समस्या लगातार गंभीर बनी हुई है। विशेष रूप से मंदिर के आसपास और संजौली बाजार में बड़ी संख्या में कुत्तों के घूमने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि कुत्तों को खाना खिलाना गलत नहीं है, लेकिन इसके लिए उचित स्थान निर्धारित किए जाने चाहिए। उन्होंने महापौर से आग्रह किया कि कुत्तों को बाजार और लोगों की अधिक आवाजाही वाले क्षेत्रों से दूर निर्धारित फीडिंग प्वाइंट पर खाना खिलाने की व्यवस्था की जाए, ताकि आम लोगों को परेशानी न हो और कुत्तों को भी भोजन उपलब्ध कराया जा सके।

स्कूलों के बाहर फीडिंग प्वाइंट से बच्चों की सुरक्षा पर चिंता

एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी ने कहा कि संजौली में एक स्थान पर स्कूल के ठीक बाहर फीडिंग प्वाइंट बनाया गया है, जबकि इसके साथ ही मंदिर भी स्थित है। इस कारण वहां लोगों की आवाजाही अधिक रहती है और आवारा कुत्तों की मौजूदगी से परेशानी बढ़ जाती है। उन्होंने बताया कि कई बार कुत्ते बच्चों पर झपट पड़ते हैं, जिससे अभिभावकों और स्थानीय लोगों में चिंता बनी रहती है। स्कूल आने-जाने वाले बच्चों को विशेष रूप से इस समस्या का सामना करना पड़ रहा है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि यह समस्या केवल वरिष्ठ नागरिकों तक सीमित नहीं है, बल्कि संजौली में पैदल चलने वाले प्रत्येक नागरिक, बच्चों और अन्य लोगों को इससे परेशानी हो रही है। ऐसे में लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए फीडिंग प्वाइंट के लिए उचित स्थान निर्धारित करना जरूरी है।

संजौली बाजार में यातायात नियंत्रित करने की मांग

प्रतिनिधिमंडल ने संजौली बाजार में बढ़ते यातायात दबाव का मुद्दा भी महापौर के समक्ष उठाया। विजय सनोरिया ने बताया कि बाजार में ट्रैफिक अधिक होने के कारण लोगों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इस समस्या के समाधान के लिए एसोसिएशन की ओर से प्रशासन के विभिन्न अधिकारियों से संपर्क किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि इस संबंध में उपायुक्त (डीसी) से भी बात की गई है। इसके अलावा, एक दिन पहले उप पुलिस अधीक्षक (डीएसपी) से भी मुलाकात कर समस्या से अवगत करवाया गया था। अब इसी मामले को लेकर महापौर और नगर निगम आयुक्त से भी बातचीत की जा रही है, ताकि संजौली में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए प्रभावी कदम उठाए जा सकें।

एसोसिएशन ने उम्मीद जताई कि प्रशासन और नगर निगम इन समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए आवारा कुत्तों की समस्या के समाधान, उचित फीडिंग प्वाइंट निर्धारित करने और संजौली बाजार में यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए आवश्यक कार्रवाई करेंगे।

15/10/2026

लाहौल में भारी बर्फबारी के बीच रेस्क्यू ऑपरेशन, रोपसंग नाला के पास फंसे पर्यटकों को सुरक्षित निकालने में जुटी पुलिस

केलंग। हिमाचल प्रदेश के लाहौल एवं स्पीति जिले में भारी बर्फबारी के बीच पर्यटकों की सुरक्षा के लिए पुलिस का बचाव अभियान लगातार जारी है। केलंग के समीप रोपसंग नाला के पास भारी बर्फबारी और सड़क पर अत्यधिक फिसलन के कारण कई पर्यटकों के वाहन बर्फ में फंस गए। सूचना मिलते ही लाहौल एवं स्पीति पुलिस की स्थानीय टीम तुरंत मौके पर पहुंची और बचाव अभियान शुरू कर दिया।

जानकारी के अनुसार, क्षेत्र में आज सुबह से ही भारी बर्फबारी हो रही है, जिससे सड़क पर आवाजाही करना मुश्किल हो गया है। प्रतिकूल मौसम और कड़ाके की ठंड के बावजूद पुलिस जवान मौके पर डटे हुए हैं। पुलिस टीम फंसे हुए वाहनों और उनमें सवार पर्यटकों को सुरक्षित निकालने के लिए पूरी तत्परता से कार्य कर रही है।

लगातार हो रही बर्फबारी के कारण बचाव कार्य में चुनौतियां पेश आ रही हैं, लेकिन पुलिस कर्मी विषम परिस्थितियों में भी लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में जुटे हैं। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आम नागरिकों और पर्यटकों की सहायता तथा सुरक्षा के लिए जवान हर परिस्थिति में मुस्तैद हैं।

लाहौल एवं स्पीति पुलिस ने लोगों से अपील की है कि भारी बर्फबारी के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें और मौसम तथा सड़क की स्थिति को ध्यान में रखते हुए ही सफर करें। किसी भी आपातकालीन स्थिति में सहायता के लिए टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 112 पर संपर्क किया जा सकता है।

15/10/2026

साच पास में 4 और रोहतांग दर्रे में 2 इंच ताजा हिमपात, छह जिलों में आंधी-तूफान व बारिश का अलर्ट

15/10/2026

हिमाचल के ऊंचे पहाड़ों पर बर्फबारी, चंबा-कांगड़ा में बारिश से बढ़ी ठंड

साच पास में 4 और रोहतांग दर्रे में 2 इंच ताजा हिमपात, छह जिलों में आंधी-तूफान व बारिश का अलर्ट

शिमला। हिमाचल प्रदेश में मौसम ने करवट बदल ली है। मौसम विभाग की चेतावनी के बीच प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी शुरू हो गई है। लाहौल-स्पीति और चंबा की ऊंची चोटियों पर सुबह से हल्का हिमपात हो रहा है। चंबा के साच पास में करीब चार इंच और रोहतांग दर्रे में दो इंच तक ताजा बर्फबारी दर्ज की गई है। वहीं, चंबा, कांगड़ा और कुल्लू के कई क्षेत्रों में सुबह से बारिश हो रही है, जबकि राजधानी शिमला समेत प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में आसमान में घने बादल छाए हुए हैं। मौसम में आए बदलाव से पहाड़ों पर ठंड बढ़ गई है।

मौसम विभाग ने प्रदेश के विभिन्न जिलों में बारिश, आंधी और तूफान को लेकर चेतावनी जारी की है। सिरमौर, कांगड़ा और कुल्लू जिलों में कई स्थानों पर तेज बारिश के साथ आंधी-तूफान का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, हमीरपुर, मंडी और शिमला जिलों में एक-दो स्थानों पर तेज बारिश की संभावना जताई गई है। चंबा, सोलन और लाहौल-स्पीति जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम में बदलाव के चलते प्रदेश के कुछ शहरों के अधिकतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आने की संभावना है।

केलांग में सामान्य से 6 डिग्री अधिक तापमान

मौसम में बदलाव के बावजूद बुधवार तक प्रदेश के कई शहरों में अधिकतम तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया गया। लाहौल-स्पीति के केलांग में अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से छह डिग्री अधिक है। राजधानी शिमला में अधिकतम तापमान 23.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 2.1 डिग्री अधिक है। सुंदरनगर, कल्पा और धर्मशाला में भी अधिकतम तापमान सामान्य से ऊपर दर्ज किया गया।

दूसरी ओर, कुछ शहरों में अधिकतम तापमान सामान्य से नीचे रहा। चंबा में अधिकतम तापमान 26.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 4.6 डिग्री कम है। मनाली में तापमान 19.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 1.3 डिग्री कम है। सोलन में अधिकतम तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 0.2 डिग्री कम है।

17 अक्टूबर तक मौसम खराब रहने के आसार

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 16 और 17 अक्टूबर को भी प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में मौसम खराब रह सकता है। इस दौरान कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश के कारण तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।

वहीं, 18 अक्टूबर से प्रदेश में मौसम साफ होने के आसार हैं। 20 अक्टूबर तक अधिकांश क्षेत्रों में धूप खिलने की संभावना है। मौसम साफ होने के बाद दिन के तापमान में फिर बढ़ोतरी हो सकती है, जबकि रात के तापमान के सामान्य के आसपास बने रहने का अनुमान है।

Students Learn Disaster Preparedness and Life-Saving Skills at Summer Hill SchoolDoers and HPSDRF jointly organise pract...
14/10/2026

Students Learn Disaster Preparedness and Life-Saving Skills at Summer Hill School

Doers and HPSDRF jointly organise practical workshop on International Day for Disaster Risk Reduction; 200 participants take part in evacuation drills, first aid and CPR training

Shimla, October , Marking the International Day for Disaster Risk Reduction, Doers, a humanitarian organisation, in collaboration with the Himachal Pradesh State Disaster Response Force (HPSDRF), organised a practical workshop on disaster preparedness, safe evacuation, basic first aid and life-saving assistance at Government Senior Secondary School (GSSS), Summer Hill, Shimla, on October 13, 2026. The workshop focused on equipping students and school staff with essential knowledge and practical skills to respond effectively to emergencies, minimise risks and protect lives during disasters.

A total of 200 participants attended the programme, including 176 students and 24 teaching and non-teaching staff members. The school's Principal, Ms. Sushma Kumari, was also present during the initiative, which aimed to strengthen disaster awareness and preparedness within the school community.

The workshop was organised as part of the second phase of the STEP4Schools initiative, implemented by Doers with the support of M3M Foundation and in coordination with DoCC SPJIMR. The initiative seeks to promote disaster awareness, safe emergency response, first-aid knowledge and life-saving skills among school students and staff. By combining practical demonstrations with hands-on exercises, the programme aims to help educational institutions develop a culture of preparedness and ensure that students understand how to respond safely and responsibly during emergencies.

During the workshop, students practised the 'Drop, Cover and Hold' safety protocol, an important protective measure to be followed during an earthquake. The exercise familiarised students with the basic steps required to protect themselves when the ground begins to shake. Participants were guided on the importance of following safety instructions and taking appropriate protective action rather than panicking during an emergency.

Following the earthquake safety exercise, students participated in a mock evacuation drill within the school premises. They practised moving out of the building in an orderly manner and proceeded towards the designated safe zone, completing the drill according to the prescribed procedure. The exercise provided practical exposure to emergency evacuation, helping students understand the importance of discipline, coordination and adherence to safety instructions when moving towards a secure location.

The mock drill also reinforced the importance of advance preparation in reducing confusion and ensuring a more organised response during disasters. Such exercises are particularly significant in schools, where a clear understanding of evacuation procedures can help students and staff respond more effectively in potentially dangerous situations.

Subsequently, the HPSDRF team conducted a practical training session on disaster preparedness, emergency response and first aid. The team explained essential safety measures to be followed during earthquakes and other emergency situations, along with appropriate ways to respond to people requiring immediate assistance. The session emphasised the importance of remaining alert, assessing situations carefully and providing timely support during emergencies.

Participants were also introduced to the initial assessment of an unconscious person, including checking for signs of life and understanding the basic steps involved in providing immediate assistance. The training covered Cardiopulmonary Resuscitation (CPR) and other fundamental life-saving measures, helping participants understand the importance of timely intervention when dealing with medical emergencies.

In addition, the participants were informed about essential emergency contact numbers, including those for ambulance services. This information was intended to ensure that students and school staff could seek professional assistance promptly whenever required. The session highlighted that awareness of emergency services, combined with basic first-aid knowledge, can play a crucial role in responding effectively to critical situations.

The International Day for Disaster Risk Reduction is observed annually on October 13 to promote awareness and encourage efforts to reduce disaster-related risks. The theme for 2026, "Resilience Starts at Home," highlights the importance of individual preparedness, awareness and community participation in building resilience against disasters. It underlines the need to develop preparedness at the household and community levels so that individuals are better equipped to face emergencies.

The joint initiative by Doers and HPSDRF at GSSS Summer Hill represented a practical effort to strengthen disaster preparedness among students and school personnel. By combining earthquake safety exercises, evacuation drills, first-aid training and life-saving demonstrations, the workshop provided participants with an opportunity to understand the importance of preparedness through practical learning.

The programme conveyed a key message: accurate information, advance preparation and timely action are essential to protecting lives and property during disasters. Strengthening these skills among students and school staff can contribute to creating safer educational environments and more resilient communities.

समर हिल स्कूल में आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण, विद्यार्थियों ने सीखे जीवन रक्षक कौशलअंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिव...
14/10/2026

समर हिल स्कूल में आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण, विद्यार्थियों ने सीखे जीवन रक्षक कौशल

अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस पर आयोजित हुई कार्यशाला, 176 विद्यार्थियों सहित 200 प्रतिभागियों ने लिया भाग

शिमला, अक्टूबर। अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस के अवसर पर डूअर्स मानवतावादी संगठन ने हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा मोचन बल के सहयोग से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय समर हिल, शिमला में आपदा तैयारी एवं प्राथमिक उपचार कार्यशाला आयोजित की। मंगलवार को आयोजित इस कार्यशाला में विद्यार्थियों और विद्यालय के कर्मचारियों को आपदा के दौरान सुरक्षित रहने, व्यवस्थित तरीके से बाहर निकलने, प्राथमिक उपचार देने तथा जीवन रक्षक सहायता उपलब्ध करवाने के व्यावहारिक तरीके सिखाए गए। विद्यालय की प्रधानाचार्य सुषमा कुमारी सहित 176 विद्यार्थियों और 24 शिक्षण एवं गैर-शिक्षण कर्मचारियों समेत कुल 200 प्रतिभागियों ने इसमें भाग लिया।

यह कार्यशाला विद्यालयों में आपदा जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से संचालित की जा रही एसटीईपी4स्कूल्स पहल के दूसरे चरण का हिस्सा थी। इस पहल को डूअर्स द्वारा एम3एम फाउंडेशन के सहयोग तथा डीओसीसी एसपीजेआईएमआर के समन्वय से संचालित किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों और विद्यालय के कर्मचारियों को आपदा के समय सुरक्षित प्रतिक्रिया देने, प्राथमिक उपचार करने और जीवन रक्षक कौशल में प्रशिक्षित करना है।

कार्यशाला के दौरान विद्यार्थियों को भूकंप जैसी आपदा के समय अपनाए जाने वाले ‘झुको, ढको और पकड़े रहो’ सुरक्षा प्रोटोकॉल का अभ्यास करवाया गया। इसके बाद विद्यालय परिसर से सुरक्षित निकासी के लिए अभ्यास किया गया। विद्यार्थियों ने निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए सुरक्षित क्षेत्र तक पहुंचकर अभ्यास पूरा किया। इस गतिविधि के माध्यम से उन्हें आपदा के समय घबराने के बजाय सुरक्षा निर्देशों का पालन करने, अनुशासित तरीके से बाहर निकलने और सुरक्षित स्थान पर पहुंचने के महत्व की जानकारी दी गई।

इसके पश्चात हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा मोचन बल की टीम ने आपदा तैयारी, आपातकालीन प्रतिक्रिया और प्राथमिक उपचार पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण के दौरान भूकंप सहित अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में बरती जाने वाली सावधानियों और प्रभावित व्यक्तियों को समय पर सहायता उपलब्ध करवाने के तरीकों के बारे में बताया गया।

प्रशिक्षण के दौरान किसी व्यक्ति के बेहोश होने की स्थिति में उसकी अवस्था का प्रारंभिक आकलन करने, जीवन के संकेतों की जांच करने तथा हृदय और श्वसन क्रिया दोबारा शुरू करने की प्रक्रिया यानी सीपीआर सहित बुनियादी जीवन रक्षक तकनीकों की जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त प्रतिभागियों को एंबुलेंस सहित आवश्यक आपातकालीन सेवाओं के संपर्क नंबरों से भी अवगत करवाया गया, ताकि जरूरत पड़ने पर समय रहते सहायता प्राप्त की जा सके।

गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस प्रतिवर्ष 13 अक्टूबर को मनाया जाता है। वर्ष 2026 की थीम ‘लचीलापन घर से शुरू होता है’ रखी गई है। यह थीम आपदा के जोखिम को कम करने के लिए व्यक्तिगत तैयारी, जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी के महत्व को रेखांकित करती है।

डूअर्स और हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा मोचन बल के संयुक्त प्रयास से आयोजित इस कार्यशाला ने विद्यार्थियों और विद्यालय के कर्मचारियों को आपदा के समय अधिक जागरूक, सतर्क और सक्षम बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि आपदा से निपटने के लिए पूर्व तैयारी, सही जानकारी और समय पर की गई कार्रवाई बेहद महत्वपूर्ण है। इन उपायों को अपनाकर आपातकालीन परिस्थितियों में जान-माल के नुकसान को कम करने में मदद मिल सकती है।

14/10/2026

गारंटियों में नाकाम कांग्रेस फिर कर रही जनता को गुमराह: जयराम ठाकुर

नए जिलों के गठन को चुनावी मुद्दा बनाने की कोशिश कर रही सरकार, जनता अब इन हथकंडों से वाकिफ : जयराम ठाकुर

शिमला। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश में नए जिलों के गठन को लेकर कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि आयोग का गठन कर सरकार केवल चुनाव से पहले इस मुद्दे को राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार अच्छी तरह जानती है कि वर्तमान में पूरे देश में जनगणना का कार्य चल रहा है। ऐसे में जनगणना के दौरान किसी भी तरह की नई राजस्व इकाई का गठन नहीं किया जा सकता, क्योंकि परिसीमन की प्रक्रिया फ्रीज रहती है।

जयराम ठाकुर ने कहा कि नए जिलों के गठन के मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी का क्या रुख रहेगा, इस पर पार्टी में चर्चा के बाद निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में भी इस विषय पर काफी विश्लेषण किया गया था, लेकिन प्रदेश की आर्थिक स्थिति को ध्यान में रखते हुए इस दिशा में आगे नहीं बढ़ा गया।

नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस सरकार पर चुनाव से पहले जनता से किए गए वादों को पूरा करने में नाकाम रहने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार अपनी गारंटियों को पूरा करने में विफल रही है। अब सरकार के लिए जनता को जवाब देना मुश्किल हो रहा है, इसलिए चुनाव से पहले राजनीतिक लाभ हासिल करने के उद्देश्य से नए मुद्दों के जरिए माहौल बदलने की कोशिश की जा रही है।

जयराम ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस सरकार की इन कोशिशों को सफलता नहीं मिलेगी, क्योंकि प्रदेश की जनता अब ऐसे राजनीतिक हथकंडों से भली-भांति वाकिफ हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार मूल मुद्दों से ध्यान हटाकर जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही है।

Address

Shimla

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Jago Himachal posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Business

Send a message to Jago Himachal:

Shortcuts

Share