Jago Himachal

Jago Himachal www.jagonews.in and YouTube JAGO HIMACHAL TV को लाइक व सब्सक्राइब करें

08/06/2026

शिमला जिला की वैश्विक पहचान का प्रतीक अंतर्राष्ट्रीय शिमला ग्रीष्मोत्सव-2026 का भव्य आगाज

प्राकृतिक खेती को मिला नया बल, जिला बिलासपुर में शुरू हुई गेहूं की सरकारी खरीदगेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 80 रुपये निर...
08/06/2026

प्राकृतिक खेती को मिला नया बल, जिला बिलासपुर में शुरू हुई गेहूं की सरकारी खरीद

गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 80 रुपये निर्धारित होने पर किसान खुश, सरकार को कहा थैंक्स

जिला में 223 किसान प्राकृतिक उत्पादित गेहूं बेचने को तैयार,175 क्विंटल गेहूं खरीद का है लक्ष्य

बिलासपुर, जून: जिला बिलासपुर में प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं की सरकारी खरीद कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंधन एजेंसी (आत्मा) परियोजना के माध्यम से शुरू हो गई है। प्रदेश सरकार द्वारा प्राकृतिक तौर पर उत्पादित गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य को 60 रुपये से बढ़ाकर 80 रुपये प्रति किलोग्राम किए जाने पर जिला के किसान बेहद खुश हैं। किसानों के हित में प्रदेश सरकार के इस ऐतिहासिक निर्णय से न केवल किसानों की आय में वृद्धि हो रही है, बल्कि प्रदेश में रसायनमुक्त कृषि को भी बढ़ावा मिल रहा है। इसके परिणामस्वरूप प्रदेश में किसानों का रुझान प्राकृतिक खेती की ओर लगातार बढ़ रहा है।

बिलासपुर में प्राकृतिक गेहूं बेचने पहुंचे ग्राम पंचायत कोटला के गांव बनवाड़ निवासी किसान सुमन कुमार ठाकुर ने बताया कि वे पिछले तीन वर्षों से प्राकृतिक खेती से जुड़े हुए हैं। इस वर्ष उन्होंने लगभग 10 क्विंटल गेहूं आत्मा परियोजना के माध्यम से विक्रय किया है, जिसे प्रदेश सरकार ने 80 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीदा है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य में की गई वृद्धि से न केवल किसानों की आर्थिकी सुदृढ़ हो रही है बल्कि प्राकृतिक खेती के प्रति उनका उत्साह भी मजबूत हुआ है।

इसी प्रकार ग्राम पंचायत नम्होल के गांव दगशेच निवासी किसान देश राज ने बताया कि उन्हें आत्मा परियोजना के माध्यम से प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि रासायनिक खेती के कारण पहले मिट्टी की गुणवत्ता प्रभावित हो रही थी, लेकिन प्राकृतिक खेती अपनाने से भूमि की उर्वरता में सुधार हुआ है। साथ ही प्राकृतिक तरीके से उत्पादित गेहूं का स्वाद और गुणवत्ता भी बेहतर हुई है।

मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू का आभार व्यक्त करते हुए किसानों ने कहा कि प्राकृतिक गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य पहले 40 रुपये से बढ़ाकर 60 रुपये तथा अब 80 रुपये प्रति किलोग्राम किए जाने से न केवल किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, बल्कि किसानों का रूझान अब प्राकृतिक खेती को ओर तेजी से बढ़ने लगा है। प्रदेश सरकार की न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित करने की यह पहल न केवल किसानों की आर्थिक सुदृढ़ता के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का कार्य कर रही है बल्कि रसायन मुक्त कृषि को बढ़ावा देकर कृषि क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन का आधार भी बन रही है।

क्या कहते हैं अधिकारी:

परियोजना निदेशक आत्मा रितेश गुप्ता का कहना है कि इस वर्ष जिला बिलासपुर में प्राकृतिक खेती से उत्पादित 175 क्विंटल गेहूं खरीदने के निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले अब तक 120 किसानों से लगभग 160 क्विंटल गेंहू की खरीद की जा चुकी है। पिछले वर्ष जिला में 40 किसानों से लगभग 60 क्विंटल प्राकृतिक गेहूं की खरीद की गई थी, जिसे इस वर्ष बढ़ाकर लगभग तीन गुना किया गया है। उनका कहना है कि जिला में 223 किसानों ने प्राकृतिक तौर पर उत्पादित गेंहू को बेचने की हामी भरी है, ऐसे में शीघ्र ही निर्धारित लक्ष्य को भी हासिल कर लिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि जिला बिलासपुर में सदर और स्वारघाट विकास खंड के किसानों की सुविधा के लिए बिलासपुर शहर के निहाल स्थित सिविल सप्लाई गोदाम तथा झंडूता और घुमारवीं क्षेत्र के किसानों के लिए पट्टा में खरीद केंद्र स्थापित किए गए हैं। इन केंद्रों पर केवल वही किसान अपनी उपज बेच सकते हैं जो आत्मा परियोजना द्वारा प्रमाणित हों, हिम परिवार पोर्टल पर पंजीकृत हों तथा प्राकृतिक खेती के माध्यम से गेहूं का उत्पादन कर रहे हों।

उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार का कहना है कि जिला में आत्मा परियोजना के माध्यम से लगभग 8 हजार किसान प्राकृतिक खेती से जुड़ चुके हैं तथा लगभग 1,094 हेक्टेयर क्षेत्र को प्राकृतिक खेती के अंतर्गत लाया जा चुका है। प्रदेश सरकार ने प्राकृतिक रूप से उत्पादित गेंहू के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित किया गया है। जिला प्रशासन भी संबंधित विभागों के माध्यम से अधिक से अधिक किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयासरत है, ताकि किसानों की आय में वृद्धि के साथ-साथ जिला में प्राकृतिक खाद्यान्नों के उत्पादन को भी बढ़ावा मिल सके।

उपायुक्त ने जिला परिषद के नवनिर्वाचित सदस्यों को दिलाई पद एवं गोपनीयता की शपथनशा उन्मूलन को सभी जनप्रतिनिधियों से प्रशास...
08/06/2026

उपायुक्त ने जिला परिषद के नवनिर्वाचित सदस्यों को दिलाई पद एवं गोपनीयता की शपथ

नशा उन्मूलन को सभी जनप्रतिनिधियों से प्रशासन के साथ मिलकर कार्य करने का किया आह्वान

बिलासपुर, जून: बिलासपुर में जिला पंचायत संसाधन केंद्र भवन के प्रशिक्षण हाॅल में आज जिला परिषद के नवनिर्वाचित सदस्यों के लिए शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने सभी 14 नवनिर्वाचित जिला परिषद सदस्यों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।

शपथ ग्रहण करने वाले सदस्यों में वार्ड नंबर 01 घंडालवीं से जमना देवी, वार्ड नंबर 02 गाहर से रक्षा कुमारी, वार्ड नंबर 03 कुठेड़ा से निशु देवी, वार्ड नंबर 04 ननावां से प्रोमिला देवी, वार्ड नंबर 05 बड़गांव से नरेंद्र कुमार, वार्ड नंबर 06 रोहल से जरनैल सिंह, वार्ड नंबर 07 जेजवीं से आशा देवी, वार्ड नंबर 08 जांगला से देवांश चंदेल, वार्ड नंबर 09 बामटा से सपना कुमारी, वार्ड नंबर 10 बरमाणा से अशोक कुमार, वार्ड नंबर 11 नम्होल से सुरभि ठाकुर, वार्ड नंबर 12 जुखाला से लेख राम, वार्ड नंबर 13 स्वाहण से रतन चंद तथा वार्ड नंबर 14 कोटखास से तरसेम सिंह शामिल रहे।

इस मौके पर उपायुक्त ने सभी नवनिर्वाचित जिला परिषद सदस्यों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मतदाताओं ने उन पर विश्वास व्यक्त किया है, ऐसे में जन आकांक्षाओं पर खरा उतरना उनकी अहम जिम्मेदारी हो जाती है। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों से अपने-अपने क्षेत्रों के समग्र विकास तथा आमजन के कल्याण के लिए पूरी पारदर्शिता, जवाबदेही तथा समर्पित भाव से कार्य करने का आह्वान किया।

राहुल कुमार ने कहा कि प्रदेश सरकार ने जनकल्याण और विकास के दृष्टिगत अनेक कल्याणकारी योजनाएं एवं कार्यक्रम शुरू किये हैं, जिनके माध्यम से समाज की अंतिम पंक्ति तक बैठे व्यक्तियों को समयबद्ध लाभान्वित करना हम सभी का सामूहिक दायित्व है। उन्होंने से समाज से नशा उन्मूलन के लिए सभी जनप्रतिनिधियों से प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए कार्य करने का भी आह्वान किया

उन्होंने कहा कि पंचायती राज संस्थाओं के निर्वाचित प्रतिनिधि ग्रामीण विकास को गति देने, स्थानीय समस्याओं के समाधान तथा लोगों की आकांक्षाओं को शासन और प्रशासन तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सभी नवनिर्वाचित सदस्य से आशा व्यक्त करते हुए कहा कि वह अपने कार्यकाल के दौरान जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए क्षेत्र के समग्र विकास में सक्रिय योगदान देंगे।

उपायुक्त ने कहा कि जिला परिषद के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष के निर्वाचन के लिए शीघ्र ही तिथि घोषित की जाएगी, जिसके उपरांत जिला परिषद का कार्य पूर्ण रूप से प्रारंभ हो सकेगा।

इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त ओम कांत ठाकुर, जिला पंचायत अधिकारी यश पाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

Address

Shimla

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Jago Himachal posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Business

Send a message to Jago Himachal:

Share