himachal ek nazar solan

himachal ek nazar solan "Himachal Ek Nazar is your go-to source for the latest news from the state of Himachal Pradesh

Himachal: दो शावकों के साथ रिहायशी इलाके में पहुंची मादा भालू, ग्रामीणों में दहशत; वीडियो आया सामने...........कुल्लू में...
04/06/2026

Himachal: दो शावकों के साथ रिहायशी इलाके में पहुंची मादा भालू, ग्रामीणों में दहशत; वीडियो आया सामने...........

कुल्लू में दो शावकों संग रिहायशी क्षेत्र में घूम रही मादा भालू, ग्रामीणों में बढ़ी चिंता

हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के आनी उपमंडल की कराना पंचायत में एक मादा भालू अपने दो शावकों के साथ रिहायशी इलाके में लगातार दिखाई दे रही है। भालुओं की बढ़ती गतिविधियों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है और लोग खेतों, बगीचों तथा अन्य कार्यों के लिए घरों से निकलने में भी डर महसूस कर रहे हैं।

जानकारी के अनुसार कराना पंचायत के रीउंड नाला क्षेत्र में पिछले कई दिनों से मादा भालू अपने दो शावकों के साथ देखी जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि भालू सड़क से करीब 10 मीटर की दूरी पर स्थित एक पत्थर की गुफा के आसपास डेरा जमाए हुए है। यह मार्ग स्थानीय लोगों, कर्मचारियों और स्कूली बच्चों की नियमित आवाजाही का प्रमुख रास्ता है।

दिन के समय भी भालुओं के दिखाई देने से लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि शावकों के साथ होने के कारण मादा भालू अधिक सतर्क और आक्रामक हो सकती है, जिससे किसी भी समय हादसे की आशंका बनी हुई है।

क्षेत्र के ग्रामीणों ने वन विभाग से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उनका कहना है कि लगातार भालुओं की मौजूदगी के कारण बच्चों का स्कूल जाना और लोगों का दैनिक कार्यों के लिए बाहर निकलना जोखिमभरा हो गया है। ग्रामीणों ने वन विभाग से भालुओं को सुरक्षित तरीके से जंगल में स्थानांतरित करने तथा क्षेत्र में पिंजरे लगाने की मांग भी उठाई है।

वन विभाग ने कार्रवाई का दिया आश्वासन

वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में भालुओं की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। इसके लिए संबंधित रेंज अधिकारी को विशेष निर्देश दिए गए हैं। विभाग का कहना है कि स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जल्द आवश्यक कदम उठाए जाएंगे और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।

स्कूल के पास भी दिखी मादा भालू

उधर, थनोग स्थित सरस्वती विद्या मंदिर (एसवीएम) स्कूल के समीप भी एक मादा भालू द्वारा दो शावकों को जन्म देने की जानकारी सामने आई है। स्कूल के आसपास भालू और उसके बच्चों की मौजूदगी ने अभिभावकों तथा विद्यार्थियों की चिंता बढ़ा दी है।

हालांकि भालू के शावकों को देखने के लिए लोगों में उत्सुकता भी है, लेकिन बच्चों की सुरक्षा को लेकर स्थानीय लोग और स्कूल प्रबंधन सतर्क हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग को इसकी सूचना देकर जल्द सुरक्षा उपाय लागू करने की मांग की है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।

हिमाचल की हरित पंचायतों का अनूठा फैसला: आय का 25% हिस्सा अनाथों और विधवाओं के कल्याण पर होगा खर्च...........हिमाचल की हर...
04/06/2026

हिमाचल की हरित पंचायतों का अनूठा फैसला: आय का 25% हिस्सा अनाथों और विधवाओं के कल्याण पर होगा खर्च...........

हिमाचल की हरित पंचायतें बनेंगी सामाजिक सहयोग का माध्यम, आय का 25 प्रतिशत हिस्सा अनाथों और विधवाओं के लिए होगा समर्पित

हिमाचल प्रदेश सरकार ने हरित पंचायत पहल को सामाजिक कल्याण से जोड़ते हुए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि अब इस योजना से होने वाली आय का एक हिस्सा अनाथ बच्चों और विधवाओं के कल्याण पर भी खर्च किया जाएगा। इससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ समाज के जरूरतमंद वर्गों को भी सीधा लाभ मिलेगा।

राज्य सरकार के इस कार्यक्रम के तहत प्रदेश की 100 ग्राम पंचायतों में 500 किलोवाट क्षमता वाली भूमि आधारित सौर ऊर्जा परियोजनाएं स्थापित की जा रही हैं। इन परियोजनाओं का उद्देश्य स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा देने के साथ ग्रामीण क्षेत्रों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।

राजस्व वितरण मॉडल में किया गया संशोधन

सरकार ने योजना के सामाजिक प्रभाव को और मजबूत बनाने के लिए राजस्व वितरण व्यवस्था में बदलाव किया है। संशोधित मॉडल के अनुसार सौर ऊर्जा परियोजनाओं से प्राप्त कुल आय का 20 प्रतिशत हिस्सा राज्य सरकार को मिलेगा, जबकि 20 प्रतिशत राशि परियोजनाओं के संचालन और रखरखाव के लिए हिमऊर्जा को दी जाएगी।

इसके अतिरिक्त 10 प्रतिशत हिस्सा हिमऊर्जा के लिए निर्धारित किया गया है। वहीं 25 प्रतिशत राशि संबंधित ग्राम पंचायत को स्थानीय विकास कार्यों के लिए उपलब्ध कराई जाएगी। शेष 25 प्रतिशत धनराशि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग को हस्तांतरित की जाएगी, जिसका उपयोग संबंधित पंचायत क्षेत्रों में रहने वाले अनाथ बच्चों और विधवाओं की आर्थिक सहायता के लिए किया जाएगा।

कमजोर वर्गों के सशक्तिकरण पर सरकार का जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार समाज के कमजोर और वंचित वर्गों के उत्थान के लिए लगातार नई योजनाएं लागू कर रही है। इन प्रयासों का उद्देश्य अनाथ बच्चों और जरूरतमंद महिलाओं को बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि वे भी मुख्यधारा में आगे बढ़ सकें।

उन्होंने कहा कि अनाथ बच्चों और विधवाओं के लिए बढ़ाई जा रही वित्तीय सहायता उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में मदद करेगी। साथ ही रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ने से वे अधिक आत्मनिर्भर और सुरक्षित जीवन जी सकेंगे।

सरकार का मानना है कि यह पहल पर्यावरण संरक्षण, ग्रामीण विकास और सामाजिक सुरक्षा को एक साथ जोड़ने वाला एक अभिनव मॉडल साबित होगी, जिससे प्रदेश में समावेशी और सतत विकास को नई दिशा मिलेगी।

हिमाचल चयन आयोग ने जारी किया CBT परीक्षा शेड्यूल, विभिन्न पदों की भर्ती परीक्षाओं की तिथियां घोषित.............हिमाचल चय...
04/06/2026

हिमाचल चयन आयोग ने जारी किया CBT परीक्षा शेड्यूल, विभिन्न पदों की भर्ती परीक्षाओं की तिथियां घोषित.............

हिमाचल चयन आयोग ने जारी किया CBT परीक्षा कार्यक्रम, विभिन्न पदों की भर्ती परीक्षाओं की तिथियां घोषित

हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग, हमीरपुर ने विभिन्न श्रेणियों के पदों पर भर्ती के लिए आयोजित होने वाली कंप्यूटर आधारित परीक्षा (CBT) का कार्यक्रम घोषित कर दिया है। आयोग ने अभ्यर्थियों से परीक्षा से संबंधित अपडेट नियमित रूप से देखने की अपील की है।

आयोग के सचिव डॉ. विक्रम महाजन ने बताया कि स्टेनो टाइपिस्ट (पोस्ट कोड-25025) और प्लेट मेकर (ऑफसेट) (पोस्ट कोड-25009) के लिए परीक्षा 15 जून को सुबह 8:30 बजे से 10:30 बजे तक आयोजित की जाएगी।

इसी दिन दूसरी शिफ्ट में ऑफसेट ऑपरेटर (पोस्ट कोड-25007) और फोटो टाइप सेटर ऑपरेटर (पोस्ट कोड-25008) की परीक्षा दोपहर 12:30 बजे से 2:30 बजे तक होगी।

वहीं फ्लाई बॉय (ऑफसेट) (पोस्ट कोड-25010) और लेबोरेटरी असिस्टेंट (बायोलॉजी एंड सीरोलॉजी) (पोस्ट कोड-25018) के अभ्यर्थियों की परीक्षा 15 जून को शाम 4 बजे से 6 बजे तक आयोजित की जाएगी।

इसके अलावा जीव विज्ञान शिक्षक (पोस्ट कोड-26017) पद के लिए सीबीटी परीक्षा 26 जून को दो चरणों में होगी। पहली शिफ्ट सुबह 9 बजे से 10:30 बजे तक और दूसरी शिफ्ट दोपहर 12:30 बजे से 2 बजे तक निर्धारित की गई है।

परीक्षा से पहले डाउनलोड कर सकेंगे एडमिट कार्ड

आयोग ने बताया कि परीक्षा से लगभग एक सप्ताह पहले अभ्यर्थियों के लिए आयोग की वेबसाइट पर विशेष लिंक उपलब्ध कराया जाएगा, जिसके माध्यम से वे अपना रोल नंबर और प्रवेश पत्र (Admit Card) डाउनलोड कर सकेंगे।

इसके साथ ही उम्मीदवारों को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए रोल नंबर और परीक्षा केंद्र की जानकारी भी भेजी जाएगी।

आयोग ने सभी अभ्यर्थियों से आग्रह किया है कि वे परीक्षा संबंधी नवीनतम जानकारी के लिए नियमित रूप से आयोग की वेबसाइट, ईमेल और मोबाइल संदेशों की जांच करते रहें, ताकि किसी महत्वपूर्ण सूचना से वंचित न रहें।

हिमाचल में तबादलों पर रोक बरकरार: सरकार ने आगामी आदेशों तक ट्रांसफर पर लगाई पूर्ण पाबंदी..........हिमाचल में तबादलों पर ...
04/06/2026

हिमाचल में तबादलों पर रोक बरकरार: सरकार ने आगामी आदेशों तक ट्रांसफर पर लगाई पूर्ण पाबंदी..........

हिमाचल में तबादलों पर रोक जारी, अगले आदेश तक नहीं होंगे अधिकारियों-कर्मचारियों के ट्रांसफर

हिमाचल प्रदेश सरकार ने सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादलों पर लगी रोक को आगामी आदेशों तक जारी रखने का निर्णय लिया है। कार्मिक विभाग ने इस संबंध में सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, मंडलायुक्तों, उपायुक्तों, बोर्डों-निगमों के प्रबंध निदेशकों, विश्वविद्यालयों और स्वायत्त निकायों को निर्देश जारी कर दिए हैं।

जारी निर्देशों में कहा गया है कि 6 अप्रैल 2026 को जारी आदेश के तहत राज्य सरकार के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादलों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया था। अब इस प्रतिबंध को अगले आदेश तक प्रभावी बनाए रखने का फैसला लिया गया है।

पूर्व स्वीकृति के बिना जारी नहीं होंगे तबादला आदेश

सरकार ने स्पष्ट किया है कि जब तक नए निर्देश जारी नहीं किए जाते, तब तक किसी भी अधिकारी या कर्मचारी का तबादला नहीं किया जाएगा। यदि किसी विशेष मामले में तबादले की आवश्यकता होती है तो उसके लिए सक्षम प्राधिकारी की पूर्व और विशेष स्वीकृति अनिवार्य होगी।

कार्मिक विभाग ने यह भी कहा है कि सभी तबादले वर्ष 2013 के व्यापक मार्गदर्शक सिद्धांतों और समय-समय पर किए गए संशोधनों के अनुरूप ही किए जा सकेंगे।

उल्लंघन पर होगी सख्त कार्रवाई

सरकार ने सभी विभागों और कार्यालयों को निर्देश दिए हैं कि आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही इन निर्देशों को अधीनस्थ कार्यालयों तक तत्काल पहुंचाने और सभी अधिकारियों-कर्मचारियों को इसकी जानकारी देने को कहा गया है।

कार्मिक विभाग ने चेतावनी दी है कि यदि किसी स्तर पर इन आदेशों की अवहेलना की गई तो इसे गंभीरता से लिया जाएगा और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

पहले अस्थायी रूप से हटाई गई थी रोक

उल्लेखनीय है कि प्रदेश सरकार ने 13 जनवरी 2026 को क्लास-सी और क्लास-डी कर्मचारियों (शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के शिक्षण वर्ग को छोड़कर) के तबादलों पर लगी रोक को 31 मार्च 2026 तक अस्थायी रूप से हटाया था। इसके बाद 6 अप्रैल से फिर से तबादलों पर पूर्ण प्रतिबंध लागू कर दिया गया।

हालांकि शहरी निकाय और पंचायत चुनावों की प्रक्रिया समाप्त हो चुकी है, इसके बावजूद सरकार ने फिलहाल तबादला प्रतिबंध को जारी रखने का फैसला लिया है। विशेष और अपरिहार्य परिस्थितियों में ही कुछ मामलों को अनुमति मिलने की संभावना जताई गई है।

HP Elections: जिला परिषदों में कब्जे की तैयारी में भाजपा, विधायकों और पूर्व प्रत्याशियों को सौंपी रणनीतिक जिम्मेदारी.......
04/06/2026

HP Elections: जिला परिषदों में कब्जे की तैयारी में भाजपा, विधायकों और पूर्व प्रत्याशियों को सौंपी रणनीतिक जिम्मेदारी............

HP Elections: जिला परिषदों में सत्ता स्थापित करने की तैयारी में भाजपा, संगठन ने तेज की रणनीतिक कवायद

पंचायती राज चुनावों के बाद अब भाजपा का पूरा ध्यान जिला परिषदों में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों पर कब्जा सुनिश्चित करने पर केंद्रित हो गया है। पार्टी ने इसके लिए प्रदेश से लेकर जिला स्तर तक अपना संगठनात्मक तंत्र सक्रिय कर दिया है और राजनीतिक समीकरणों को साधने की कोशिशें तेज कर दी हैं।

भाजपा समर्थित उम्मीदवारों को बिलासपुर, मंडी, कुल्लू, ऊना, सोलन, हमीरपुर, किन्नौर और सिरमौर जिलों में स्पष्ट बहुमत मिला है। ऐसे में पार्टी इन जिलों में जिला परिषदों का नेतृत्व अपने हाथ में लेने की रणनीति पर काम कर रही है।

विधायकों और वरिष्ठ नेताओं को सौंपी जिम्मेदारी

शिमला और कांगड़ा जिलों में स्थिति अपेक्षाकृत दिलचस्प बनी हुई है, जहां कई निर्दलीय सदस्य निर्णायक भूमिका में हैं। इन जिलों में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के लिए समर्थन जुटाने को लेकर पार्टी नेतृत्व लगातार संपर्क और संवाद बनाए हुए है।

निर्वाचित जिला परिषद सदस्यों को एकजुट रखने और राजनीतिक समन्वय सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी संबंधित क्षेत्रों के विधायकों, पूर्व विधायकों, विधानसभा चुनाव लड़ चुके उम्मीदवारों और वरिष्ठ नेताओं को सौंपी गई है। साथ ही जिला प्रभारी और सह-प्रभारी भी लगातार जमीनी स्तर पर सक्रिय हैं।

फीडबैक के आधार पर तय होंगे उम्मीदवार

पार्टी द्वारा विभिन्न जिलों में आयोजित बैठकों के दौरान संभावित अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद के दावेदारों पर चर्चा की जा रही है। आरक्षण रोस्टर को ध्यान में रखते हुए संभावित नामों की सूची तैयार की जा रही है।

जिलों से प्राप्त फीडबैक, विधायकों की राय, पूर्व प्रत्याशियों के सुझाव और जिला प्रभारियों की रिपोर्ट के आधार पर अंतिम पैनल तैयार किया जाएगा। पूरी प्रक्रिया पर प्रदेश नेतृत्व लगातार नजर बनाए हुए है।

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर तथा संगठन महामंत्री सिद्धार्थन लगातार जिलों से रिपोर्ट और फीडबैक प्राप्त कर रहे हैं। हाल ही में आयोजित वर्चुअल बैठक में भी विभिन्न जिलों की राजनीतिक स्थिति और संभावित बोर्ड गठन को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।

निर्दलीय और बागी विजेताओं पर भी नजर

भाजपा उन 28 बागी और निर्दलीय उम्मीदवारों से भी संपर्क बनाए हुए है, जिन्हें पार्टी विचारधारा के करीब माना जा रहा है। पार्टी का मानना है कि इन प्रतिनिधियों के सहयोग से जिला परिषदों में मजबूत और स्थिर नेतृत्व स्थापित किया जा सकता है।

पार्टी सूत्रों के अनुसार जिला परिषद सदस्यों की शपथ प्रक्रिया पूरी होने के बाद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के लिए संभावित नामों की घोषणा की जा सकती है। नेतृत्व किसी भी तरह की गुटबाजी या अंतिम समय के राजनीतिक समीकरणों से बचने के लिए सभी विकल्पों पर पहले से ही काम कर रहा है।

Shimla Weather Update: दोपहर बाद झमाझम बारिश और ओलावृष्टि से बदला मौसम, तापमान में गिरावट से लोगों को गर्मी से राहत........
04/06/2026

Shimla Weather Update: दोपहर बाद झमाझम बारिश और ओलावृष्टि से बदला मौसम, तापमान में गिरावट से लोगों को गर्मी से राहत............

Himachal Weather Alert: शिमला में बारिश और ओलावृष्टि, रोहतांग में बर्फबारी; 5 जिलों में ऑरेंज अलर्ट

हिमाचल प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम ने अचानक करवट ले ली है। राजधानी शिमला में गुरुवार दोपहर बाद तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई और लोगों को गर्मी से राहत मिली। वहीं, रोहतांग दर्रा और लाहौल घाटी के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी तथा मनाली और कुल्लू घाटी में अच्छी बारिश रिकॉर्ड की गई।

मौसम विभाग ने कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला और सिरमौर जिलों के लिए अंधड़ और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार इन क्षेत्रों में तेज हवाओं, गरज-चमक और ओलावृष्टि की संभावना बनी हुई है।

रोहतांग और लाहौल में बदला मौसम

बुधवार दोपहर बाद कुल्लू की ऊझी घाटी, रोहतांग दर्रा और लाहौल घाटी में मौसम अचानक बदल गया। रोहतांग में हुई ताजा बर्फबारी ने मौसम को और सुहावना बना दिया। बड़ी संख्या में मौजूद पर्यटकों ने बारिश और बर्फबारी का आनंद लिया। लाहौल के कोकसर और आसपास के इलाकों में भी तेज बारिश दर्ज की गई।

दूसरी ओर ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर और कांगड़ा जैसे मैदानी क्षेत्रों में बुधवार को मौसम सामान्य बना रहा, हालांकि तापमान में ज्यादा बढ़ोतरी नहीं हुई।

6 जून तक मौसम खराब रहने के आसार

मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के कारण प्रदेश में 6 जून तक मौसम खराब बना रह सकता है। कई क्षेत्रों में बारिश, अंधड़ और ओलावृष्टि की संभावना बनी हुई है। 7 जून से मौसम साफ होने और धूप खिलने की उम्मीद जताई गई है।

प्रदेश में न्यूनतम तापमान

मंगलवार रात देहरा गोपीपुर और पांवटा साहिब में न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा शिमला में 15.8, धर्मशाला में 17.6, ऊना में 21.8, नाहन में 18.7, सोलन में 17.0, मनाली में 15.0, कांगड़ा में 22.0, मंडी और चंबा में 19.3 तथा बिलासपुर में 23.5 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।

जम्मू से मिलेगी मौसम और आपदा संबंधी सटीक जानकारी

जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश के लिए मौसम पूर्वानुमान और आपदा चेतावनी प्रणाली को मजबूत करने के उद्देश्य से जम्मू में क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र (आरएमसी) की स्थापना की जा रही है। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह 5 जून को सीएसआईआर-इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंटीग्रेटिव मेडिसिन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान इसका शुभारंभ करेंगे।

यह नया केंद्र अत्याधुनिक मौसम निगरानी तकनीकों, डॉप्लर वेदर रडार और ऑटोमेटिक वेदर स्टेशनों के नेटवर्क से जुड़ा होगा। इसके माध्यम से भारी बारिश, बर्फबारी, बादल फटना, तेज आंधी और हिमस्खलन जैसी प्राकृतिक घटनाओं की अधिक सटीक और समय रहते चेतावनी जारी की जा सकेगी, जिससे आपदा प्रबंधन और जन सुरक्षा को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

हिमाचल में दर्दनाक घटना: मां-बेटे ने उठाया आत्मघाती कदम, महिला की मौत; 10 वर्षीय बेटा गंभीर हालत में पीजीआई रेफर...........
04/06/2026

हिमाचल में दर्दनाक घटना: मां-बेटे ने उठाया आत्मघाती कदम, महिला की मौत; 10 वर्षीय बेटा गंभीर हालत में पीजीआई रेफर.............

ऊना में दर्दनाक घटना: मां की मौत, जहरीला पदार्थ निगलने के बाद 10 वर्षीय बेटा पीजीआई रेफर

हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। सदर थाना क्षेत्र के झलेड़ा गांव में एक महिला और उसके 10 वर्षीय बेटे द्वारा कथित रूप से जहरीला पदार्थ सेवन करने का मामला सामने आया है। इस घटना में महिला की मौत हो गई, जबकि बच्चे की हालत गंभीर होने पर उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है।

जानकारी के अनुसार झलेड़ा में रहने वाली प्रवासी महिला बबली का बुधवार सुबह किसी घरेलू मुद्दे को लेकर अपने पति से विवाद हो गया था। बताया जा रहा है कि विवाद के बाद पति घर छोड़कर चला गया। इसके कुछ समय बाद महिला और उसके बेटे युवराज ने कथित तौर पर जहरीला पदार्थ निगल लिया।

जब दोनों की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी तो आसपास के लोगों को इसकी जानकारी मिली। स्थानीय लोगों की मदद से दोनों को तत्काल उपचार के लिए क्षेत्रीय अस्पताल ऊना पहुंचाया गया।

अस्पताल में महिला को मृत घोषित किया गया

अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच के बाद महिला को मृत घोषित कर दिया। वहीं गंभीर रूप से बीमार बच्चे को प्राथमिक उपचार देने के बाद बेहतर इलाज के लिए पीजीआई चंडीगढ़ भेजा गया, जहां उसका उपचार जारी है।

पुलिस कर रही मामले की जांच

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और महिला के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस आत्मघाती कदम उठाने के कारणों और घटना से जुड़ी परिस्थितियों की जांच कर रही है। इसके लिए परिजनों और स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।

बताया जा रहा है कि घटना के बाद से महिला के पति का कोई पता नहीं चल पाया है। पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है और मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

एएसपी ऊना संजीव भाटिया ने बताया कि पुलिस गंभीरता से जांच कर रही है। प्रारंभिक तथ्यों के आधार पर सभी संभावित कारणों की पड़ताल की जा रही है। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों और परिस्थितियों का स्पष्ट पता चल सकेगा।

एंटी हेलगन पर हाईकोर्ट सख्त: दुष्प्रभावों के वैज्ञानिक अध्ययन को लेकर सरकार से मांगा जवाब...........हिमाचल हाईकोर्ट ने ए...
04/06/2026

एंटी हेलगन पर हाईकोर्ट सख्त: दुष्प्रभावों के वैज्ञानिक अध्ययन को लेकर सरकार से मांगा जवाब...........

हिमाचल हाईकोर्ट ने एंटी हेलगन के दुष्प्रभावों पर मांगा जवाब, वैज्ञानिक अध्ययन की जानकारी तलब

हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने बागवानी क्षेत्रों में इस्तेमाल की जा रही एंटी हेलगन (ओला रोधी तोपों) के पर्यावरण, वन्यजीवों और आम लोगों की सुरक्षा पर पड़ने वाले संभावित प्रभावों को गंभीरता से लेते हुए राज्य सरकार और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से जवाब मांगा है। अदालत ने यह भी जानना चाहा है कि इन उपकरणों के प्रभावों को लेकर अब तक कोई वैज्ञानिक अध्ययन कराया गया है या नहीं।

मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायाधीश बिपिन चंद्र नेगी की खंडपीठ ने मामले में नोटिस जारी करते हुए सरकार से विस्तृत जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। इस जनहित याचिका पर अगली सुनवाई 20 जुलाई को निर्धारित की गई है।

यह मामला रोहड़ू तहसील के भामनोली गांव के एक निवासी द्वारा भेजे गए पत्र के आधार पर जनहित याचिका के रूप में दर्ज किया गया। याचिकाकर्ता ने प्रदेश में एंटी हेलगन के उपयोग पर तत्काल रोक या इसके संचालन को निलंबित करने की मांग की है।

सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि एंटी हेलगन के संचालन से अत्यधिक तीव्र शॉक वेव्स उत्पन्न होती हैं, जिनसे ध्वनि प्रदूषण बढ़ने के साथ-साथ स्थानीय पर्यावरण, पशुधन, वन्यजीवों और कृषि पारिस्थितिकी तंत्र पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। कोर्ट ने यह भी सवाल उठाया कि क्या इन उपकरणों के उपयोग के लिए राज्य सरकार ने कोई आधिकारिक दिशा-निर्देश या नियामक व्यवस्था बनाई है।

याचिका में दावा किया गया है कि इन गनों का उपयोग ओलावृष्टि से सेब बागानों को बचाने के लिए किया जाता है, लेकिन इससे बादलों की दिशा प्रभावित होकर अन्य क्षेत्रों में अत्यधिक बारिश और ओलावृष्टि जैसी परिस्थितियां पैदा हो सकती हैं। अदालत ने इन पहलुओं पर भी सरकार से स्पष्ट जवाब देने को कहा है।

जूनियर इंजीनियरों की पेंशन पात्रता का मामला फिर सिंगल जज के पास

एक अन्य महत्वपूर्ण मामले में हाईकोर्ट ने पंचायती राज विभाग में अनुबंध के आधार पर नियुक्त जूनियर इंजीनियरों की पेंशन पात्रता से जुड़े विवाद पर नया आदेश पारित किया है।

मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायाधीश बिपिन चंद्र नेगी की खंडपीठ ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद वर्ष 2021 में दिए गए एकल न्यायाधीश के फैसले को निरस्त कर दिया। उस फैसले में याचिकाकर्ताओं की अनुबंध सेवा अवधि को पेंशन लाभ के लिए गिनने के निर्देश दिए गए थे।

खंडपीठ ने कहा कि मामले के सभी तथ्यात्मक और कानूनी पहलुओं की दोबारा जांच आवश्यक है। यह स्पष्ट किया जाना जरूरी है कि संबंधित कर्मचारियों पर कौन से सेवा नियम लागू होते हैं और संबंधित पद वास्तव में पेंशन योग्य श्रेणी में आते हैं या नहीं।

इसी आधार पर अदालत ने पूरे मामले को नए सिरे से सुनवाई और निर्णय के लिए पुनः एकल न्यायाधीश के पास भेज दिया है।

हिमाचल में आजीविका मिशन घोटाला: फर्जी स्वीकृति आदेश बनाकर 68 लाख की हेराफेरी, लाखों रुपये के लेनदेन का खुलासा..............
04/06/2026

हिमाचल में आजीविका मिशन घोटाला: फर्जी स्वीकृति आदेश बनाकर 68 लाख की हेराफेरी, लाखों रुपये के लेनदेन का खुलासा............

हिमाचल आजीविका मिशन घोटाला: फर्जी मंजूरी आदेशों से 68 लाख की हेराफेरी, आरोपी की दूसरी जमानत याचिका भी खारिज

हिमाचल प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (एचपीएसआरएलएम) में कथित 68.31 लाख रुपये के वित्तीय घोटाले के मामले में आरोपी आउटसोर्स कर्मचारी कार्तिक ठाकुर को अदालत से राहत नहीं मिली है। सरकारी दस्तावेजों पर फर्जी हस्ताक्षर कर वित्तीय अनियमितताओं को अंजाम देने के आरोपों के बीच अदालत ने उसकी दूसरी जमानत याचिका भी खारिज कर दी।

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ने निजी कंपनी के पक्ष में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की खरीद दर्शाते हुए फर्जी स्वीकृति (सैंक्शन) आदेश तैयार किए थे। आरोप है कि इन दस्तावेजों के आधार पर लाखों रुपये के भुगतान की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया गया।

जांच एजेंसियों के अनुसार आरोपी के बैंक खाते में अलग-अलग तारीखों पर मैसर्स एनके ट्रेडर्स की ओर से 14.80 लाख रुपये भी ट्रांसफर किए गए थे। पुलिस इन लेनदेन को मामले की जांच में महत्वपूर्ण कड़ी मान रही है।

जाली हस्ताक्षरों से खुला मामला

यह मामला तब उजागर हुआ जब वर्तमान में लाहौल-स्पीति में सहायक आयुक्त के पद पर तैनात कल्याणी गुप्ता ने अपनी पूर्व तैनाती के दौरान जारी रिकॉर्ड की समीक्षा की। जांच के दौरान सितंबर 2025 का एक मंजूरी आदेश सामने आया, जिस पर उनके कथित जाली हस्ताक्षर पाए गए।

मामले की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने छोटा शिमला पुलिस थाना में लिखित शिकायत दर्ज करवाई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू की।

अदालत ने जमानत देने से किया इनकार

मामले की सुनवाई के दौरान अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश-एक शिमला प्रवीण गर्ग की अदालत ने आरोपी की दूसरी जमानत याचिका को भी अस्वीकार कर दिया। अदालत ने कहा कि केवल चार्जशीट दाखिल हो जाना परिस्थितियों में ऐसा कोई महत्वपूर्ण बदलाव नहीं है, जिसके आधार पर आरोपी को जमानत दी जा सके।

कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि पहले भी अपराध की गंभीरता को देखते हुए जमानत याचिका खारिज की जा चुकी है। ऐसे में बिना किसी नए और ठोस आधार के दोबारा राहत देना पूर्व आदेश की समीक्षा के समान होगा, जिसकी कानूनी अनुमति नहीं है।

सुप्रीम कोर्ट के विभिन्न निर्णयों का उल्लेख करते हुए अदालत ने स्पष्ट किया कि आरोपों की गंभीरता को देखते हुए फिलहाल जमानत का कोई आधार नहीं बनता। इसी कारण याचिका को विचार योग्य न मानते हुए खारिज कर दिया गया।

हिमाचल में ट्रैफिक जाम से राहत की तैयारी: शिमला और बीबीएन में भीड़ घटाने, यातायात सुगम बनाने पर बनी रणनीति.................
04/06/2026

हिमाचल में ट्रैफिक जाम से राहत की तैयारी: शिमला और बीबीएन में भीड़ घटाने, यातायात सुगम बनाने पर बनी रणनीति..............

हिमाचल में ट्रैफिक दबाव कम करने की कवायद, शिमला और बीबीएन के लिए नई योजनाओं पर मंथन

हिमाचल प्रदेश में बढ़ती यातायात समस्या और शहरी क्षेत्रों में भीड़भाड़ को कम करने के लिए सरकार ने नई रणनीति पर काम शुरू कर दिया है। बुधवार को राज्य सचिवालय में आयोजित मंत्रिमंडलीय उप-समिति की बैठक में शिमला, बीबीएन (बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़) सहित प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों और जिला मुख्यालयों में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक की अध्यक्षता राजस्व, बागवानी एवं जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी ने की। इस दौरान ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री अनिरुद्ध सिंह और लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह भी मौजूद रहे।

बीबीएन में विकसित होंगे नए टाउनशिप और सैटेलाइट टाउन

बैठक में बीबीएन क्षेत्र के नियोजित विकास को लेकर नई टाउनशिप योजना और चंडीगढ़ मॉडल पर सैटेलाइट टाउन बसाने के प्रस्तावों पर विचार-विमर्श हुआ। सोलन के उपायुक्त और हिमुडा के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने करीब 7042 बीघा भूमि के समेकन संबंधी जानकारी समिति के समक्ष रखी।

समिति ने निर्णय लिया कि भूमि पूलिंग नीति को पंजाब सहित अन्य राज्यों की सफल नीतियों के अनुरूप तैयार किया जाएगा, ताकि सुनियोजित शहरी विकास को बढ़ावा मिल सके।

शिमला में जाम से राहत के लिए विशेष योजना

राजधानी शिमला में लगातार बढ़ रही भीड़ और ट्रैफिक दबाव को कम करने के लिए कई प्रमुख जंक्शनों की समीक्षा की गई। छोटा शिमला चौक, संजौली चौक और बालूगंज जंक्शन जैसे व्यस्त स्थानों पर यातायात सुधार से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा हुई।

लोक निर्माण विभाग, एचपीआरआईडीसी और आरटीडीसी को निर्देश दिए गए कि वे इन क्षेत्रों का नियमित निरीक्षण करें और लंबित परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करें।

बैठक में विधायक हरीश जनारथा, शहरी विकास निदेशक नीरज कुमार, शिमला के उपायुक्त अनुपम कश्यप और सोलन के उपायुक्त मनमोहन शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

शहरों से बाहर शिफ्ट होंगी मंडियां

उप-समिति ने शहरों के भीतर ट्रैफिक बाधित करने वाली मंडियों को स्थानांतरित करने के प्रस्ताव पर भी चर्चा की। योजना के तहत इन मंडियों को शिमला शहर से बाहर नव-निर्मित फोरलेन सड़कों के किनारे उपयुक्त स्थानों पर विकसित किया जाएगा, जिससे शहर के भीतर यातायात दबाव कम हो सके।

साथ ही शिमला पुलिस को शोघी, धामी और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में ट्रैफिक प्रबंधन को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए हैं। सड़क किनारे अवैध पार्किंग रोकने और व्यवस्थित पार्किंग स्थलों की पहचान करने पर भी जोर दिया गया।

जनजातीय भूमि हस्तांतरण नियमों में संशोधन

बैठक के दौरान जनजातीय क्षेत्रों में भूमि संरक्षण से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। प्रदेश सरकार ने अनुसूचित जनजातियों की भूमि के हस्तांतरण से संबंधित नियमों में संशोधन का प्रस्ताव रखा है।

पंचायतीराज विभाग ने पंचायती राज (अनुसूचित क्षेत्रों में विस्तार) नियम, 2011 में संशोधन के लिए प्रारूप अधिसूचना जारी की है और आम जनता से 30 दिनों के भीतर सुझाव एवं आपत्तियां मांगी हैं।

प्रस्तावित संशोधनों के अनुसार अनुसूचित जनजाति से संबंधित भूमि या उसमें हिस्सेदारी का हस्तांतरण केवल राज्य के मौजूदा भूमि कानूनों और निर्धारित कानूनी प्रावधानों के तहत ही संभव होगा। सरकार का उद्देश्य जनजातीय समुदायों की भूमि, अधिकारों और हितों की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित करना तथा अनियमित भूमि हस्तांतरण पर प्रभावी रोक लगाना है।

Address

Sahini Complex
Solan
17312

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when himachal ek nazar solan posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Business

Send a message to himachal ek nazar solan:

Share