06/11/2025
*धैर्य रखना साहसी लोगों का लक्षण है*!
*वास्तव में धैर्य का फल मीठा होता है! दरअसल जो लोग धैर्य रखते हैं उनको वस्तुस्थिति का विश्लेषण करने का अवसर मिल जाता है! कई बार हम परिश्रम तो बहुत करते हैं लेकिन धैर्य न रखने के कारण उचित परिणाम नहीं पा पाते! इसलिए हमें परिश्रम के साथ - साथ धैर्य भी रखना चाहिए*!
*क्रोध के क्षण में भी धैर्य का एक पल दुख के हजार पलों से बचे रहने में हमारी सहायता करता है*!
*कहते हैं जब हमारा बुरा समय चल रहा हो तो खामोशी से प्रतीक्षा के साथ कार्य करते हुए उसे बिताने की आवश्यकता होती है! जो लोग उस समय को गुजार देते हैं वे उसके अनुभव से सीखते हुए बहुत आगे निकल जाते हैं*!
*दूसरे शब्दों में कहें तो जो लोग मुश्किल हालातों के सामने घुटने नहीं टेकते वह समय के साथ मजबूत होते जाते हैं, लेकिन इस मजबूती तक पहुंचने के लिए उनको धैर्य की परीक्षा को उत्तीर्ण करना पड़ता है*!
*किस्मत एक दिन बदलती जरुर है और जब बदलती है तो सब कुछ पलट देती है! इसलिए हम अच्छे दिनों में अहंकार न करें और बुरे दिनों में धैर्य को भीतर धारण करें*.
*कहते हैं स्वर्ग में सब कुछ है, लेकिन मृत्य नहीं है! श्री गीता जी में सब कुछ है, पर झूठ नहीं है! संसार में सब कुछ है, लेकिन शांति नहीं है! आज मनुष्य के पास सब कुछ है, लेकिन धैर्य नहीं है, जो मनुष्य की सफलता में आवश्यक तत्व है! इसलिए समय चाहे जैसा भी हो हम धैर्य और संयम बनाए रखें! इसी में हमारी सफलता की कुंजी निहित है*! "धननिरंकार जी