07/05/2026
क्या पश्चिम बंगाल में अब सत्ता परिवर्तन का चेहरा बन चुके हैं शुभेंदु अधिकारी?”
Suvendu Adhikari पश्चिम बंगाल की राजनीति में आज सबसे चर्चित चेहरों में गिने जा रहे हैं। मेदिनीपुर के एक प्रभावशाली राजनीतिक परिवार से आने वाले शुभेंदु ने कभी Mamata Banerjee के साथ राजनीति की थी, लेकिन 2020 के बाद उन्होंने नई राजनीतिक राह चुनी और खुद को एक मजबूत हिंदुत्ववादी नेता के रूप में स्थापित किया।
2021 के नंदीग्राम चुनाव में ममता बनर्जी को कड़ी टक्कर देने के बाद 2026 के चुनाव में भी शुभेंदु अधिकारी का नाम बंगाल की राजनीति के केंद्र में बना रहा। बीजेपी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का मानना है कि बंगाल में पार्टी को मजबूत करने में उनका बड़ा योगदान रहा है।
लेकिन मुख्यमंत्री पद की चर्चा के बीच दो बड़ी चुनौतियां भी सामने दिखाई देती हैं।
पहली चुनौती पार्टी की अंदरूनी राजनीति और केंद्रीय नेतृत्व की पसंद को लेकर मानी जा रही है। Yogi Adityanath के प्रति शुभेंदु अधिकारी का सम्मान दिखाने वाली तस्वीरें सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुईं। समर्थकों ने इसे हिंदुत्व एकता का संदेश बताया, जबकि विरोधियों ने इसे अलग नजरिए से देखा।
दूसरी चुनौती उनके कुछ पुराने बयानों को लेकर है। 2024 में दिए गए एक बयान में उन्होंने “जिसका साथ, उसी का विकास” की बात कही थी, जिसे लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई थी। समर्थकों ने इसे हिंदू वोटरों के प्रति प्रतिबद्धता बताया, जबकि विरोधियों ने इसे बीजेपी की आधिकारिक लाइन से अलग बताया।
अब सवाल यही है कि अगर बंगाल में बीजेपी सत्ता के करीब पहुंचती है, तो मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी किसे मिलेगी?
इन नामों की भी चर्चा तेज है:
• Dilip Ghosh
• Sukanta Majumdar
• Samik Bhattacharya
महिला चेहरों में:
• Agnimitra Paul
• Rupa Ganguly
अंतिम फैसला पार्टी नेतृत्व के हाथ में होगा, लेकिन सोशल मीडिया और हिंदुत्व समर्थक वर्ग में इस समय शुभेंदु अधिकारी के समर्थन की चर्चा सबसे ज्यादा दिखाई दे रही है।
JanMudda