15/06/2026
पटना के चर्चित कोचिंग विवाद में अब नया मोड़ आ गया है। ज्ञान बिंदु एकेडमी के निदेशक रौशन आनंद और फैजल खान उर्फ खान सर के बीच चल रहा विवाद अब रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव की नेपाल में हुई संदिग्ध मौत तक पहुंच गया है।
जेल से जमानत पर बाहर आने के बाद रौशन आनंद ने खान सर पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उनके भाई की मौत स्वाभाविक नहीं थी, बल्कि एक सुनियोजित साजिश के तहत उनकी हत्या कराई गई। रौशन आनंद ने इस मामले में खान सर और मकान मालिक आर.एस. प्रसाद का नाम लेते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
रौशन आनंद का दावा है कि जब वे जेल में थे, तब उनके भाई को निशाना बनाया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जेल के अंदर भी एक गार्ड के जरिए उनकी हत्या की कोशिश की गई थी, जिसके कारण उन्होंने अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताते हुए पुलिस प्रशासन से सुरक्षा की मांग की है।
कोचिंग सेंटर में हुई कथित तोड़फोड़ और फायरिंग मामले को लेकर भी रौशन आनंद ने बड़ा आरोप लगाया है। उनका कहना है कि गोलीबारी के पीछे खान सर का हाथ था, लेकिन पूरे मामले का दोष उन पर डाल दिया गया। उन्होंने पटना पुलिस पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि बिना पर्याप्त जांच के उन्हें गिरफ्तार किया गया, जबकि दूसरे पक्ष के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई।
रौशन आनंद ने आरोप लगाया कि खान सर को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है और इसी वजह से पुलिस उनके खिलाफ कठोर कदम नहीं उठा रही है। उन्होंने यह भी मांग की कि पूरे मामले में खान सर का नार्को टेस्ट कराया जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके।
इसके अलावा उन्होंने दावा किया कि उन्हें जेल भिजवाने के लिए करोड़ों रुपये खर्च किए गए और मामले से जुड़े कुछ आर्थिक लेन-देन की भी जांच होनी चाहिए। रौशन आनंद का आरोप है कि उनके खिलाफ झूठे बयान दिलवाए गए और एक सोची-समझी रणनीति के तहत उनका करियर खत्म करने की कोशिश की जा रही है।
रौशन आनंद ने सरकार से मांग की है कि उनके भाई प्रिंस यादव की मौत की CBI जांच कराई जाए और शव का दोबारा पोस्टमॉर्टम कराया जाए ताकि मौत की असली वजह सामने आ सके।
फिलहाल ये सभी आरोप रौशन आनंद द्वारा लगाए गए हैं। मामले की सच्चाई जांच और आधिकारिक रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।